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Saturday, April 15, 2017

महापुरुषों के नाम पर छुट्टियां खत्म करने का शिक्षकों से लेकर अभिभावकों तक ने किया स्वागत

प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को प्रदेश के स्कूलों में महापुरुषों के नाम पर होने वाली छुट्टियां खत्म कर दीं। इसका स्कूल के प्रिंसिपलों से लेकर अभिभावकों तक ने स्वागत किया है। स्कूलों के प्रिंसिपल्स का कहना है कि इससे अब सिलेबस समय से पूरा हो सकेगा। स्कूल में महापुरुषों से जुड़े कार्यक्रम होंगे तो बच्चे भी उनके बारे  में जानेंगे। 




⚫  पूरे होंगे पढ़ाई के मानक
स्कूलन के प्रिंसिपल का कहना है कि छुट्टियां कम होने पर अब स्कूल पढ़ाई के मानक पूरे कर सकेंगे। क्योंकि साल में 200 दिन पढ़ाई का मानक है। छुट्टियों के कारण यह पूरा ही नहीं हो पाता। अब छुट्टियों में जब पढ़ाई होगी तो यह मानक आसानी से पूरा हो सकेगा। छुट्टी हो जाने से पढ़ाई में गैप हो जाता है। इससे बच्चों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है।



पढ़ाई बेहतर होगी, महापुरुषों को भी जानेंगे बच्चे
इससे पढ़ाई में सुधार आएगा। साल में बहुत से दिन तो ऐसे ही छुट्टियों में चले जाते थे।  अनिल अग्रवाल,  प्रबंधक, सेंट जोसफ


⚫  बच्चों की पढ़ाई में यह निर्णय मील का पत्थर साबित होगा। अब छुट्टी का उद्देश्य पूरा किया जा सकेगा। आरपी मिश्रा, शिक्षक नेता


⚫  हम फीस तो पूरे महीने की देते हैं तो पढ़ाई भी उतने दिन होनी चाहिए। छुट्टी के कारण बच्चों की पढ़ाई नहीं हो पाती और स्कूल को बहाना मिलता है। जीनत खान, मकबूलगंज


⚫  क्वालिटी एजुकेशन के लिए आज ऐसे निर्णय लेने बहुत जरूरी हैं। छुट्टियां कम होने से अब बेसिक और हायर एजुकेशन सिस्टम में भी सुधार होगा।  अंशुमन, गोमतीनगर

⚫ यह निर्णय बहुत ही बेहतर है। अगर बच्चे स्कूल जाएं तो उन महापुरुषों के बारे में बताया जाना चाहिए। पढ़ाई भी अच्छी होगी।  विपिन शुक्ला, आशियाना


⚫ छुट्टी के दिन बच्चे घर में खेलते ही हैं। स्कूल जाएंगे तो पढ़ेंगे जो हमारा असली मकसद है। सप्ताह की एक छुट्टी बच्चों के लिए बहुत है।  पुष्पा श्रीवास्तव, अलमबाग


⚫  अब महापुरुषों के बारे में बच्चे जान सकेंगे। छुट्टी पर घर जाने पर रहने से बेहतर है स्कूलों में पढ़ाई हो। दीप्ति द्विवेदी, प्रिंसिपल DPS एल्डीको



⚫  यह ऐसा फैसला है जो बच्चों के हक में हुआ है। आने वाले समय में इसके सार्थक परिणाम देखने को मिलेंगे। वीरेंद्र सिंह, शिक्षक, पूर्व माध्यमिक स्कूल


⚫  यह निर्णय स्वागत योग्य है। ऐसी सभी छुट्टी के दिन एक घंटे की परिचर्चा का निर्देश हम जल्द ही स्कूल में लागू कर देंगे।  राकेश चत्री, प्रिंसिपल, क्राइस्ट चर्च

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