DISTRICT WISE NEWS

अंबेडकरनगर अमरोहा अमेठी अलीगढ़ आगरा आजमगढ़ इटावा इलाहाबाद उन्नाव एटा औरैया कन्नौज कानपुर कानपुर देहात कानपुर नगर कासगंज कुशीनगर कैसरगंज कौशांबी कौशाम्बी गाजियाबाद गाजीपुर गोंडा गोण्डा गोरखपुर गौतमबुद्ध नगर गौतमबुद्धनगर चंदौली चन्दौली चित्रकूट जालौन जौनपुर ज्योतिबा फुले नगर झाँसी झांसी देवरिया पीलीभीत फतेहपुर फर्रुखाबाद फिरोजाबाद फैजाबाद बदायूं बरेली बलरामपुर बलिया बस्ती बहराइच बागपत बाँदा बांदा बाराबंकी बिजनौर बुलंदशहर बुलन्दशहर भदोही मऊ मथुरा महराजगंज महाराजगंज महोबा मिर्जापुर मीरजापुर मुजफ्फर नगर मुजफ्फरनगर मुज़फ्फरनगर मुरादाबाद मेरठ मैनपुरी मैनपूरी रामपुर रायबरेली लखनऊ लख़नऊ लखीमपुर खीरी ललितपुर वाराणसी शामली शाहजहाँपुर श्रावस्ती संतकबीरनगर संभल सहारनपुर सिद्धार्थनगर सीतापुर सुलतानपुर सुल्तानपुर सोनभद्र हमीरपुर हरदोई हाथरस हापुड़

Friday, June 23, 2017

पांच अफसर संयुक्त शिक्षा निदेशक पद पर पदोन्नत,  पदोन्नति सूची से  दो अफसरों को गया हटाया

इलाहाबाद : मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक यानी जेडी की विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) का निर्णय गुरुवार को जारी हो गया है। लंबे इंतजार के बाद पांच अफसरों को पदोन्नति दी गई है। इनमें कुछ ऐसे अफसर भी हैं जिनकी शासन तक शिकायत हो चुकी है फिर भी पदोन्नति सूची में वह बरकरार हैं। विशेष सचिव अनिल कुमार बाजपेई की ओर से पदोन्नति का आदेश जारी हुआ है। 




माध्यमिक शिक्षा महकमे में प्रमोशन और फेरबदल की प्रक्रिया एक साथ चल रही है। पिछले दिनों शासन स्तर पर जेडी की पदोन्नति के लिए डीपीसी हुई। छह पदों के सापेक्ष पांच को पदोन्नत करने पर सहमति बनी थी। इसमें दो अफसरों अनिल भूषण चतुर्वेदी और ओम प्रकाश द्विवेदी का नाम सूची से बाहर कर दिया गया। कहा गया कि उन पर पुरानी जांच लंबित है, जबकि दोनों अफसर शासन को प्रत्यावेदन दे चुके हैं। नियमानुसार यदि किसी मामले में प्रत्यावेदन दिया जा चुका हो तो उससे अफसर को डीपीसी से वंचित नहीं किया जा सकता। 




पदोन्नति सूची से इन दो अफसरों का हटना इसलिए जरूरी था क्योंकि विभागीय ‘बड़े’ अफसर को अपने करीबी अफसर को पदोन्नति देनी थी। सूची में पहले तीन नाम संतराम सोनी, संजय यादव व सुरेंद्र तिवारी के बाद अजय कुमार द्विवेदी और फिर अरविंद पांडेय को पदोन्नति सूची में शामिल किया गया। इसमें अरविंद कुमार पांडेय पर बस्ती मंडल का जेडी रहने के दौरान संस्कृत माध्यमिक विद्यालय में एक शिक्षिका की नियुक्ति में अनियमितता का आरोप है। इस संबंध में बीते 11 मई को ही शासन से अरविंद पांडेय को कारण बताओ नोटिस जारी हो चुका है। माध्यमिक शिक्षा के प्रमुख सचिव जितेंद्र कुमार ने भी चयन पर सवाल खड़े किये। इतना ही नहीं इलाहाबाद हाईकोर्ट के स्टैंडिंग काउंसिल उपेंद्र सिंह ने भी कड़ी टिप्पणी की है।


No comments:
Write comments