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Monday, June 26, 2017

भर्ती मामले में लखनऊ के डीआइओएस नपे, पद के दुरुपयोग के भी पाए गए दोषी, भतीजी की भी कराई थी नियुक्ति

क्या था मामला
डीआइओएस द्वारा लालबाग इंटर कालेज में अनियमित रूप से विद्यालय प्रबंध तंत्र की मिलीभगत से 11 सहायक अध्यापिकाओं की नियुक्ति करायी गई। इन 11 अध्यापिकाओं में धीरेंद्र नाथ सिंह की भतीजी मोनी सिंह भी शामिल। इससे साफ है कि उन्होंने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए विद्यालयों में नियुक्तियां की।


लखनऊ : शासन ने लखनऊ के तत्कालीन जिला विद्यालय निरीक्षक (द्वितीय) धीरेंद्र नाथ सिंह को जिले के सहायता प्राप्त माध्यमिक बालिका विद्यालयों व उनसे सम्बद्ध प्राइमरी कक्षाओं में शिक्षिकाओं की नियुक्ति में अनियमितता बरतने व पद का दुरुपयोग करने के आरोप में निलंबित कर दिया है। उनके खिलाफ अनुशासनिक कार्यवाही शुरू कर दी गई है। धीरेंद्र नाथ अभी उन्नाव में डायट प्राचार्य के पद पर कार्यरत थे। निलंबन की अवधि में वह माध्यमिक शिक्षा निदेशक के शिविर से संबद्ध रहेंगे।



उन्हें राजधानी में जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआइओएस)(द्वितीय) के पद पर रहते हुए 15 माध्यमिक विद्यालयों में अनियमित रूप से शिक्षिकाओं की नियुक्ति करने और अनियमित तरीके से वेतन आहरित करने आदि की जांच में दोषी पाया गया है।



अनियमित नियुक्तियों के अलावा वह माध्यमिक विद्यालयों में महिला शिक्षिकाओं को अनियमित रूप से अवकाश व बाल्यपाल अवकाश स्वीकृत करने के दोषी पाये गए। संस्था प्रबंधकों द्वारा विरोध करने पर वेतन वितरण अधिनियम 1971 की व्यवस्थाओं के अनुरूप एकल परिचालन करने, संस्था प्रबंधकों को कारण बताओ नोटिस जारी करने व उस नोटिस में अनियमितताओं का उल्लेख न करने आदि अनियमित कार्यो के भी दोषी पाये गए।

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