DISTRICT WISE NEWS

अंबेडकरनगर अमरोहा अमेठी अलीगढ़ आगरा आजमगढ़ इटावा इलाहाबाद उन्नाव एटा औरैया कन्नौज कानपुर कानपुर देहात कानपुर नगर कासगंज कुशीनगर कैसरगंज कौशांबी कौशाम्बी गाजियाबाद गाजीपुर गोंडा गोण्डा गोरखपुर गौतमबुद्ध नगर गौतमबुद्धनगर चंदौली चन्दौली चित्रकूट जालौन जौनपुर ज्योतिबा फुले नगर झाँसी झांसी देवरिया पीलीभीत फतेहपुर फर्रुखाबाद फिरोजाबाद फैजाबाद बदायूं बरेली बलरामपुर बलिया बस्ती बहराइच बागपत बाँदा बांदा बाराबंकी बिजनौर बुलंदशहर बुलन्दशहर भदोही मऊ मथुरा महराजगंज महाराजगंज महोबा मिर्जापुर मीरजापुर मुजफ्फर नगर मुजफ्फरनगर मुज़फ्फरनगर मुरादाबाद मेरठ मैनपुरी मैनपूरी रामपुर रायबरेली लखनऊ लख़नऊ लखीमपुर खीरी ललितपुर वाराणसी शामली शाहजहाँपुर श्रावस्ती संतकबीरनगर संभल सहारनपुर सिद्धार्थनगर सीतापुर सुलतानपुर सुल्तानपुर सोनभद्र हमीरपुर हरदोई हाथरस हापुड़

Wednesday, August 9, 2017

बच्चों के कौशल विकास हेतु शुरू होंगे नए कोर्स, यूपी बोर्ड सचिव ने शिक्षाविदों से मांगे सुझाव, नेपाली मूल के छात्रों हेतु आधार की अनिवार्यता समाप्त

इलाहाबाद वरिष्ठ संवाददाताकक्षा 9 से 12 तक के सवा करोड़ से अधिक छात्र-छात्रओं में अभिनव कौशल और क्षमता विकास के लिए यूपी बोर्ड जल्द ही नए पाठ्यक्रम शुरू करेगा। बोर्ड सचिव नीना श्रीवास्तव ने विज्ञप्ति जारी कर शिक्षाविदों से 16 अगस्त तक सुझाव मांगे हैं। सुझाव बोर्ड की ईमेल आईडी 4स्रे2स्र 1ी्िरऋऋें्र’. ूे या डाक से भेजे जा सकते हैं। सचिव का मानना है कि वर्तमान परिप्रेक्ष्य में छात्र-छात्रओं के सर्वांगीण विकास के लिए नए कोर्स शुरू किए जाने की आवश्यकता है। सीबीएसई की राह चला यूपी बोर्ड : बच्चों में अभिनव कौशल और क्षमता विकास के लिए यूपी बोर्ड अब सीबीएसई की राह पर चल पड़ा है। सीबीएसई ने पहले ही ऐसे कई कोर्स शुरू किए हैं। यूपी बोर्ड मानवाधिकार, विदेशी भाषा, टूरिज्म, फैशन डिजाइन, टैक्सेशन, वेब एप्लीकेशन, न्यूट्रिशन, डायग्नोस्टिक रेडियोलॉजी, ब्यूटी एंड हेयर, फूड, डाइट, लीगल स्टडीज, आईटी टूल्स, उद्यमिता जैसे कोर्स को शामिल कर सकता है।
इलाहाबाद। शासन ने यूपी बोर्ड की 10वीं-12वीं की परीक्षा के लिए नेपाली मूल के छात्र-छात्रओं के आधार की अनिवार्य समाप्त कर दी है। दरअसल गोरखपुर क्षेत्रीय कार्यालय में पड़ने वाले पीलीभीत, लखीमपुर, बलरामपुर और सिद्धार्थनगर जैसे जिलों के स्कूलों में बड़ी संख्या में नेपाली मूल के छात्र पढ़ते हैं। इस साल से बोर्ड परीक्षार्थियों के लिए आधार को अनिवार्य कर दिया गया है ताकि फर्जीवाड़ा रोका जा सके।

No comments:
Write comments