DISTRICT WISE NEWS

अंबेडकरनगर अमरोहा अमेठी अलीगढ़ आगरा आजमगढ़ इटावा इलाहाबाद उन्नाव एटा औरैया कन्नौज कानपुर कानपुर देहात कासगंज कुशीनगर कौशांबी गाजियाबाद गाजीपुर गोण्डा गोरखपुर गौतमबुद्धनगर चन्दौली चित्रकूट जालौन जौनपुर ज्योतिबा फुले नगर झाँसी देवरिया पीलीभीत फतेहपुर फर्रुखाबाद फिरोजाबाद फैजाबाद बदायूं बरेली बलरामपुर बलिया बस्ती बहराइच बागपत बाँदा बाराबंकी बिजनौर बुलंदशहर बुलन्दशहर भदोही मऊ मथुरा महराजगंज महोबा मीरजापुर मुजफ्फरनगर मुरादाबाद मेरठ मैनपुरी रामपुर रायबरेली लखनऊ लख़नऊ लखीमपुर खीरी ललितपुर वाराणसी शामली शाहजहाँपुर श्रावस्ती संतकबीरनगर संभल सहारनपुर सिद्धार्थनगर सीतापुर सुल्तानपुर सोनभद्र हमीरपुर हरदोई हाथरस हापुड़

Sunday, January 28, 2018

फर्जी नियुक्ति करने वाले अफसरों पर नहीं हो सकी कार्यवाही, कोर्ट में दिए गए हलफनामे में बताया गया कि ऐसे सभी डीआईओएस हुए रिटायर

इलाहाबाद : जौनपुर के नेवढ़िया इंटर कालेज में शिक्षकों की फर्जी नियुक्ति करने वाले सभी जिला विद्यालय निरीक्षक, विभागीय कार्रवाई होने से पहले ही रिटायर हो गए, जबकि हाईकोर्ट ने इन जिला विद्यालय निरीक्षकों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया था। अपर मुख्य सचिव माध्यमिक शिक्षा के हलफनामे से यह जानकारी मिलने पर कोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताई है।



हलफनामे में बताया गया है कि जिन जिला विद्यालय निरीक्षकों के कार्यकाल में फर्जी नियुक्तियां हुईं वह रिटायर हो चुके हैं। इसे चार साल हो गए हैं इसलिए अब कुछ नहीं किया जा सकता। मामले की सुनवाई कर रहे न्यायमूर्ति सुधीर अग्रवाल और न्यायमूर्ति शशिकांत की खंडपीठ ने इस पर नाराजगी जताई।



कोर्ट ने कहा कि हलफनामे में यह तो बताया गया है कि जिला विद्यालय निरीक्षक रिटायर हो गए हैं लेकिन, यह नहीं बताया गया कि उनके खिलाफ कार्रवाई क्या हुई। कृपाशंकर तिवारी ने इस मामले में 2008 में याचिका दाखिल की थी। अधिवक्ता पंकज उपाध्याय ने बताया कि जौनपुर के नेवढ़िया इंटर कालेज में प्रबंधक और डीआइओएस की मिलीभगत से कई अध्यापक और कर्मचारियों की फर्जी नियुक्तियां की गईं। इन नियुक्तियों के माध्यम से करोड़ों रुपये का गबन किया गया।

No comments:
Write comments