DISTRICT WISE NEWS

अंबेडकरनगर अमरोहा अमेठी अलीगढ़ आगरा आजमगढ़ इटावा इलाहाबाद उन्नाव एटा औरैया कन्नौज कानपुर कानपुर देहात कासगंज कुशीनगर कौशांबी गाजियाबाद गाजीपुर गोण्डा गोरखपुर गौतमबुद्धनगर चन्दौली चित्रकूट जालौन जौनपुर ज्योतिबा फुले नगर झाँसी देवरिया पीलीभीत फतेहपुर फर्रुखाबाद फिरोजाबाद फैजाबाद बदायूं बरेली बलरामपुर बलिया बस्ती बहराइच बागपत बाँदा बांदा बाराबंकी बिजनौर बुलंदशहर बुलन्दशहर भदोही मऊ मथुरा महराजगंज महोबा मीरजापुर मुजफ्फरनगर मुरादाबाद मेरठ मैनपुरी रामपुर रायबरेली लखनऊ लख़नऊ लखीमपुर खीरी ललितपुर वाराणसी शामली शाहजहाँपुर श्रावस्ती संतकबीरनगर संभल सहारनपुर सिद्धार्थनगर सीतापुर सुल्तानपुर सोनभद्र हमीरपुर हरदोई हाथरस हापुड़

Thursday, March 29, 2018

माध्यमिक : पूर्व में चयनित किसी अभ्यर्थी को नहीं जाएगा हटाया, पुरानी भर्ती में चयनित होंगे नए अतिरिक्त शिक्षक

  माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड उप्र में पद से अधिक भर्तियों का रिकॉर्ड बनने जा रहा है। तीन माह पहले टीजीटी 2009 सामाजिक विज्ञान विषय में भर्ती के पदों से अधिक शिक्षकों के चयन का जो सिलसिला शुरू हुआ है, वह अब और तेज होगा। 2009 व 2010 की प्रशिक्षित स्नातक यानि टीजीटी भर्ती के चार विषयों में जल्द ही अतिरिक्त शिक्षक चयनित होंगे, जिन्हें अशासकीय माध्यमिक कालेजों में नए पदों पर तैनाती दी जाएगी। खास बात यह है कि पहले से चयनित किसी अभ्यर्थी को हटाया नहीं जाएगा।

यह अलग बात है कि टीजीटी 2009 सामाजिक विज्ञान विषय भर्ती में अतिरिक्त शिक्षकों के चयन का आदेश सुप्रीम कोर्ट ने दिया था, उसी तर्ज पर अब इलाहाबाद हाईकोर्ट ने नियुक्तियां करने का आदेश जारी किया है। असल में, टीजीटी 2010 जीव विज्ञान, संस्कृत व हंिदूी और टीजीटी 2009 कला विषय के सवालों के जवाब को लेकर अभ्यर्थियों में मतभेद रहा है। भर्ती प्रक्रिया के दौरान उत्तर कुंजी जारी होने पर बड़ी संख्या में आपत्तियां की गईं लेकिन, चयन बोर्ड ने अभ्यर्थियों के दिए साक्ष्यों को नहीं माना। अफसरों ने अंतिम उत्तर कुंजी जारी करने के बाद दो वर्षो के चारों विषयों के तय पदों के सापेक्ष चयन की सूची जारी कर दी और तमाम ने आवंटित कालेजों में नियुक्ति भी ली है। सवालों के जवाब गलत ठहराने के बाद भी अभ्यर्थी चुप नहीं बैठे और वह कोर्ट में लड़ाई लड़ते रहे। अब हाईकोर्ट ने शीर्ष कोर्ट के सामाजिक विज्ञान विषय की तर्ज पर चारों विषयों में संबंधित सवालों को सही मानते हुए अतिरिक्त अभ्यर्थियों का चयन करके नियुक्ति देने का निर्देश दिया है।

यह भी कहा गया है कि पूर्व में चयनित किसी अभ्यर्थी को इस प्रक्रिया में हटाया नहीं जाएगा, बल्कि कालेजों में जो नए पद खाली हुए हैं, उन्हीं पर तैनाती दी जाए। कोर्ट ने इसके लिए तीन माह का समय दिया है। चयन बोर्ड में अभी अध्यक्ष व सदस्य नहीं है, उनके आते ही यह प्रक्रिया पूरी होगी और करीब 150 से अधिक नए अभ्यर्थी शिक्षक बन सकेंगे। ज्ञात हो कि हंिदूी विषय में ही केवल 70 से अधिक नए अभ्यर्थी चयनित हो रहे हैं।

No comments:
Write comments