DISTRICT WISE NEWS

अंबेडकरनगर अमरोहा अमेठी अलीगढ़ आगरा आजमगढ़ इटावा इलाहाबाद उन्नाव एटा औरैया कन्नौज कानपुर कानपुर देहात कासगंज कुशीनगर कौशांबी कौशाम्बी गाजियाबाद गाजीपुर गोण्डा गोरखपुर गौतमबुद्धनगर चन्दौली चित्रकूट जालौन जौनपुर ज्योतिबा फुले नगर झाँसी देवरिया पीलीभीत फतेहपुर फर्रुखाबाद फिरोजाबाद फैजाबाद बदायूं बरेली बलरामपुर बलिया बस्ती बहराइच बागपत बाँदा बांदा बाराबंकी बिजनौर बुलंदशहर बुलन्दशहर भदोही मऊ मथुरा महराजगंज महोबा मीरजापुर मुजफ्फरनगर मुरादाबाद मेरठ मैनपुरी रामपुर रायबरेली लखनऊ लख़नऊ लखीमपुर खीरी ललितपुर वाराणसी शामली शाहजहाँपुर श्रावस्ती संतकबीरनगर संभल सहारनपुर सिद्धार्थनगर सीतापुर सुल्तानपुर सोनभद्र हमीरपुर हरदोई हाथरस हापुड़

Friday, August 30, 2019

फतेहपुर : मध्यान्ह भोजन के लिए प्रधान भी होंगे जिम्मेदार, बीएसए व पंचायतीराज विभाग का उड़नदस्ता करेगा जांच

फतेहपुर : मध्यान्ह भोजन के लिए प्रधान भी होंगे जिम्मेदार, बीएसए व पंचायतीराज विभाग का उड़नदस्ता करेगा जांच।


मध्याह्न् भोजन के लिए प्रधान भी होंगे जिम्मेदार
August 30, 2019 
जागरण संवाददाता, फतेहपुर: शासन के नियमों के विपरीत अगर एमडीएम परोसा गया तो इसके लिए केवल शिक्षक ही जिम्मेदार नहीं होंगे बल्कि प्रधानों को भी जवाब देना होगा । शासन की ओर से प्रधानों की भी जिम्मेदारी तय की गई है। नई व्यवस्था के तहत प्रधानों को योजना के क्रियान्वयन के साथ नियम संगत एमडीएम परोसे जाने की जिम्मेदारी से बांधा गया है। एमडीएम संबंधी जांच बेसिक शिक्षा विभाग और पंचायतीराज विभाग संयुक्त रूप से करेगा।
मध्याह्न भोजन (एमडीएम) की व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए हाल ही में शासन ने नई व्यवस्था दी है। अभी तक प्रधानों को खाद्यान्न आदि उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी थी, लेकिन स्कूल में इसके बनने और परोसने की जिम्मेदारी से ये बाहर थे। एमडीएम के अनियमित होने पर शिक्षक पर शिकंजा कस दिया जाता था। नए बेसिक शिक्षा मंत्री ने पदभार संभालते हुए आला अफसरों के बाद कई ¨बदुओं पर नया फामरूला तैयार किया है। किसी भी शिकायत की जांच में अब बेसिक शिक्षा विभाग और पंचायतीराज विभाग की संयुक्त टीम जांच करेगी।

बिना शिकायत के भी होगी जांच: बिना शिकायत के भी संयुक्त उड़नदस्ता परोसे जाने वाले एमडीएम की जांच करेगा। एमडीएम को लेकर शिक्षक वर्ग प्रधानों पर सहयोग न करने का आरोप लगाता रहा है और कार्रवाई पर नाराजगी जताते रहे हैं। कुल मिलाकर एमडीएम को कसौटी पर खरा उतारने के लिए शासन ने नई नीति लागू की है।

प्राथमिक विद्यालय में फल खाते बच्चे ’ जागरण

एमडीएम को पारदर्शी ढंग से क्रियान्वित करने के लिए पहले भी आदेश थे। इस आदेश को मजबूती देने के लिए हाल में परिवर्तन किया गया है। प्रधान और शिक्षकों की जिम्मेदारी तय होने से योजना बेहतर तरीके से क्रियान्वित होगी।

शिवेंद्र प्रताप सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी





 व्हाट्सप के जरिये जुड़ने के लिए क्लिक करें।

No comments:
Write comments