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Saturday, January 16, 2021

UP : पंचायत चुनावों से पहले प्राइमरी स्‍कूलों तक बिजली पहुंचाने की कवायद

UP : पंचायत चुनावों से पहले प्राइमरी स्‍कूलों तक बिजली पहुंचाने की कवायद, गोरखपुर में सवा करोड़ की दरकार 


गोरखपुर : यूपी में ग्राम पंचायत चुनाव से पहले जिले के विभिन्न ब्लाकों के 772 प्राथमिक स्कूलों में बिजली निगम को कनेक्शन देना है। ये सभी स्कूल बिजली सुविधा सें वंचित है। शासन के निर्देश पर बिजली निगम ने सर्वे कराकर इन स्कूलों तक बिजली पहुचाने के लिए सवा करोड़ का इस्टीमेट बनाकर बीएसए को भेजा है। बजट की प्रत्याशा में बिजली निगम ने टेण्डर की प्रक्रिया भी पूरी कर दी है। अब काम शुरु करने के लिए निगम को सवा करोड़ मिलने का इंतजार है। एसई का कहना है कि शासन से जल्द ही बजट मुहैया हो जाएगा।


शासन ने दिसम्बर में बिजली निगम को पत्र भेजकर कहा था कि बिजली सुविधा से वंचित जिले के प्राथमिक स्कूलों का सर्वे कर पंचायत चुनाव से पहले खम्भा, तार व ट्रांसफॉर्मर लगाकर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कराए। इसके बाद ग्रामीण वितरण मण्डल द्वितीय के अभियंताओं व प्रशासन की टीम ने विभिन्न ब्लाकों के प्राथमिक स्कूलों का सर्वे की। इस दौरान 772 स्कूल बिजली सुविधा से वंचित मिले। रिपोर्ट मिलने के बाद वितरण मण्डल के एसई ने रिपोर्ट से शासन को अवगत कराया दिया। क्षेत्र के अवर अभियंताओं ने स्कूलों तक एचटी लाइन बनाने व ट्रांसफॉर्मर लगाने में होने वाले खर्च का आकलन कर इस्टीमेट तैयार किया। चिन्हित स्कूलों तक एचटी लाइन बनाने व ट्रांसफॉर्मर लगाने में 1.20 करोड़ खर्च का इस्टीमेट बना। ग्रामीण वितरण मण्डल के एसई ने बीएसए को टीसी भेजकर पैसा जल्द से जल्द जमा करने को कहा है। शासन से बजट अवमुक्त होते ही कार्यदायी फर्म काम शुरू कर देगी। यह काम पंचायत चुनाव से पहले पूरा होना है।


इन ब्लाकों के प्राथमिक स्कूलों में लगने हैं कनेक्शन
भटहट-36, चरगांवा-9, नगर क्षेत्र-15, पिपराइच-47, ब्रम्हपुर-70, खोराबार-13, सरदानगर-35, कैम्पियरगंज-38, जगंल कौड़िया-67, खजनी-29, पाली-33, पिपरौली-22, सहजनवा-51, बांसगांव-54, बड़हलगंज-55, गगहा-57, कौड़ीराम-48, बेलघाट-18, गोला- 46, ऊरुवा-31 स्कूल


शासन के निर्देश पर प्रशासन व बिजली निगम की टीम के सर्वे में जिले के विभिन्न ब्लाकों में 772 स्कूल बिना बिजली सुविधा के मिले। इन स्कूलों तक एचटी लाइन बनाकर, 25 केवीए ट्रांसफार्मर लगाकर बिजली कनेक्शन पंचायत चुनाव से पहले दिया जाना है। इसमें करीब 1.20 करोड़ रुपये खर्च होने है। इसके लिए बीएसए को टीसी भेजी गई है। काम कराने के लिए टेण्डर प्रक्रिया भी फाइलन कर दी गई है। बजट मिलते ही काम शुरु करा दिया जाएगा। ई. राजीव चतुर्वेदी, एसई, ग्रामीण वितरण मण्डल प्रथम

Wednesday, January 13, 2021

गोरखपुर : जनपदीय वार्षिक अवकाश तालिका जारी, देखें

जनपदीय वार्षिक अवकाश तालिका जारी, देखें

Saturday, January 9, 2021

गोरखपुर : परिषदीय विद्यालयों में जल्द आएंगे टैबलेट, तैयारी शुरू

गोरखपुर : परिषदीय विद्यालयों में जल्द आएंगे टैबलेट, तैयारी शुरू


गोरखपुर। बेसिक शिक्षा परिषद के 2504 विद्यालयों को जल्द ही टैबलेट दिया जाएगा। इस संबंध में शासन ने प्रदेश के सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। इसमें विभाग से जिले में कार्यरत शिक्षकों की सूची को तलब किया गया है। शिक्षा विभाग ने इस दिशा में काम करना शुरू कर दिया है।


आने वाले दिनों में टैबलेट का इस्तेमाल न सिर्फ बच्चों की ई- लर्निंग, बल्कि शिक्षकों की बायोमीट्रिक प्रणाली से उपस्थिति दर्ज कराने में किया जाएगा। महानिदेशक (स्कूल शिक्षा) के निर्देश पर प्रथम चरण में परीक्षण  चल रहा है। इसके लिए लखनऊ के 15 विद्यालय पहले ही चयनित किए जा चुके हैं। धीरे-धीरे प्रदेश के अन्य जनपदों में भी परीक्षण कर इसका वितरण सुनिश्चित कराया जाएगा। 


बीएसए बीएन सिंह ने कहा कि बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से संचालित योजनाओं के क्रियान्वयन और बच्चों तक उच्चीकृत शिक्षा पहुंचाने के नजरिए से शासन ने शिक्षकों को टैबलेट वितरित करने का मन बनाया है। शासन स्तर से शिक्षकों की दोबारा सूची मांगी गई है। उसे जल्द ही भेज दिया जाएगा।

Tuesday, December 29, 2020

गोरखपुर : अंतर्जनपदीय ट्रांसफर हेतु रिक्ति प्रदर्शित करने परन्तु पदोन्नति हेतु रिक्ति शून्य बताने पर प्रा0शि0संघ के ज्ञापन पर मार्गदर्शन हेतु बीएसए ने सचिव परिषद को लिखा पत्र, देखें

गोरखपुर : अंतर्जनपदीय ट्रांसफर हेतु रिक्ति प्रदर्शित करने परन्तु पदोन्नति हेतु रिक्ति शून्य बताने पर प्रा0शि0संघ के ज्ञापन पर मार्गदर्शन हेतु बीएसए ने सचिव परिषद को लिखा पत्र, देखें



Monday, December 7, 2020

पुलिस मुख्यालय ने पूछा, कितने फर्जी शिक्षक पकड़े? शासन की मंशा पर होगी सख्ती

पुलिस मुख्यालय ने पूछा, कितने फर्जी शिक्षक पकड़े? शासन की मंशा पर होगी सख्ती


गोरखपुर।
बर्खास्त किए जा चुके फर्जी शिक्षकों की मुसीबतें अब और बढ़ने जा रही हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी करेगी। फरार चल रहे आरोपितों के खिलाफ कुर्की की कार्रवाई भी करेगी। पुलिस मुख्यालय लखनऊ ने ऐसे मामलों को गंभीरता से लिया है और एसएसपी से पूछा है कि कितने फर्जी शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। कितने गिरफ्तार किए जा चुके हैं और कितनों की सम्पत्तियां कुर्क की गई हैं। पुलिस मुख्यालय ने अपनी सख्त मंशा भी जाहिर की है। पुलिस अधिकारियों से कहा है कि ऐसे मामलों को गंभीरता से लें।


बेसिक शिक्षा विभाग, माध्यमिक शिक्षा, उच्च शिक्षा विभाग के साथ ही समाज कल्याण और अल्पसंख्यक कल्याण विभाग द्वारा संचालित स्कूल-कॉलेजों में बड़ी संख्या में फर्जी नियुक्तियां की गई हैं। शासन की सख्ती के बाद की गई जांच में फर्जी शिक्षकों की काली करतूतों का खुलासा हुआ है। शासन की मंशा के अनुरूप पूरे प्रदेश में अभियान चलाकर फर्जी शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। शासन की सख्ती का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस मामले की जांच एसटीएफ को सौंप दी गई है। एसटीएफ ने अपनी जांच-पड़ताल में बड़ी संख्या में फर्जी शिक्षकों को पकड़ा है और उनके खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज कराया है। सूत्रों का कहना है कि अकेले गोरखपुर जिले में 78 फर्जी शिक्षक पकड़े जा चुके हैं। इनके खिलाफ जांच-पड़ताल चल रही है।


अपर पुलिस महानिदेशक अपराध डॉ. केएस प्रताप कुमार की एक चिट्ठी ने गोरखपुर पुलिस की सक्रियता बढ़ा दी है। इस चिट्ठी ने शासन की मंशा भी जाहिर कर दी है कि फर्जी तरीके से नौकरी हथियाने और करोड़ों रुपये डकार जाने वाले इन फर्जी शिक्षकों को सरकार बख्शने वाली नहीं है। पुलिस मुख्यालय ने जिला पुलिस प्रमुखों को स्पट तौर पर निर्देश दिया है कि इस मामले को प्राथमिकता पर लें और यह रिपोर्ट तैयार कर भेजें कि कितने फर्जी शिक्षकों को चिह्नित किया गया है। कितने की सेवा समाप्त की गई है। जिनकी सेवा समाप्त की गई उनमें से कितनों से वसूली की जा चुकी है। कितनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। कितने फर्जी शिक्षकों की गिरफ्तारी की गई है। पुलिस मुख्यालय ने यह भी पूछा है कि कितने की सम्पत्तियां कुर्क की गई हैं। कितनों के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया गया है।


थानेदारों ने तेज की विवेचनाएं
पुलिस सूत्रों का कहना है कि पुलिस मुख्यालय से चिट्ठी आने के बाद एसएसपी जोगेंद्र कुमार ने भी सख्ती दिखाई है। एसएसपी की सख्ती के बाद फर्जी शिक्षकों के खिलाफ दर्ज किए गए मामलों की थानेदारों और चौकी प्रभारियों ने विवेचनाएं तेज कर दी हैं। पुलिस सूत्रों का कहना है कि जिन फर्जी शिक्षकों के खिलाफ अभियोग दर्ज है और जो फरार चल रहे हैं उन पर दबाव बनाने के लिए पुलिस उनके खिलाफ न्यायालय से कुर्की का आदेश लेगी।

Saturday, November 28, 2020

महराजगंज : शिक्षकों के जीपीएफ खातों से एक अरब की राशि डूबने का खतरा, गोरखपुर जनपद से अब तक नहीं हुआ ट्रांसफर

महराजगंज : शिक्षकों के जीपीएफ खातों से एक अरब की राशि डूबने का खतरा, गोरखपुर जनपद से अब तक नहीं हुआ ट्रांसफर


महराजगंज बेसिक शिक्षा विभाग के जीपीएफ खाते से शिक्षकों की कटौती के करीब एक अरब रुपये गायब हैं। इससे सेवानिवृत्ति की दहलीज पर पहुंचे शिक्षक परेशान हैं। पिछले साल रिटायर हुए कुछ शिक्षकों का अभी तक जीपीएफ का भुगतान नहीं हो पाया है।

गोरखपुर जिले से महराजगंज के अलग होने के समय महराजगंज के शिक्षकों के जीपीएफ का 12 करोड़ रुपया बेसिक शिक्षा विभाग को नहीं मिल पाया। वहीं पैसा अब ब्याज के साथ बढ़ कर करीब एक अरब हो गया है। जिले के बेसिक शिक्षा के जीपीएफ एकाउंट में पैसा ही नहीं है। इस वजह से शिक्षकों को अपनी कटौती से जमा धनराशि परही कर्ज नहीं मिल पा रहा है। 


प्राथमिक शिक्षक संघ के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष बैजनाथ सिंह का कहना है कि गोरखपुर से बकाया जीपीएफ धनराशि नहीं आई तो शिक्षकों के भविष्य निधि की धनराशि के डूबने का खतरा उत्पन्न हो जाएगा।