हर सोमवार को फल खाकर करेंगे पढ़ाई, जुलाई से शुरू होगी योजना, प्रार्थना के बाद बांटा जाएगा फल, प्रति छात्र चार रुपए मिलेंगे धन
शासन से पत्र मिला है। जुलाई माह से परिषदीय स्कूलों के बच्चों में फल का वितरण करवाया जाएगा। इसक ी तैयारी की जा रही है।ओपी यादव, बीएसए
बच्चों को मौसमी और ताजा फल खिलाए जाएंगे। जैसे में अमरूद, केला, सेब, संतरा, नाशपाती, चीकू, शरीफा का फल ही दिया जाना है। बच्चों को कटा फल नहीं दिया जाएगा। अगर किसी बच्चे के फल का साइज छोटा है तो उसे दो फल मिलेंगे।
स्कूल के बच्चों को फल खिलाने के लिए शासन प्रति बच्च चार रुपए के हिसाब से धन देगा। जून के अंत तक प्रधान और प्रधानाध्यापक के संयुक्त एमडीएम खाते में धनराशि भेज दी जाएगी।
गोरखपुर निज संवाददातापरिषदीय स्कूलों के बच्चों को दूध के बाद अब फल भी मिलेगा। प्रत्येक सोमवार को बच्चे फल खाकर पढ़ाई की शुरुआत करेंगे। चार जुलाई से यह योजना लागू हो जाएगी। शासन ने सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों को पत्र भेजा है। शासन ने परिषदीय स्कूलों के बच्चों की सेहत सुधारने के लिए सत्र 2014-15 में हर बुधवार को उन्हें दूध पिलाए जाने की योजना बनाई थी। अब जुलाई से बच्चों को फल खिलाने की योजना शुरू होने जा रही है। प्रत्येक सोमवार को प्रार्थना समाप्त होने के बाद शिक्षक बच्चों में फल का वितरण करेंगे। अधिकारी योजना की निगरानी करेंगे। गड़बड़ी पाए जाने पर प्रधानाध्यापक, शिक्षक सहित यदि अधिकारी भी दोषी पाए गए तो उन पर भी कार्रवाई होगी।
No comments:
Write comments