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Tuesday, February 14, 2017

फतेहपुर : साहब! शादी करें या चुनाव ड्यूटी, किसी के घर पर आनी है बरात, तो कोई खुद चढ़ेगा घोड़ी, ड्यूटी से छूट दिए जाने की मांग

130 कर्मियों ने बताई बीमारी मतदान के दिन ड्यूटी लगने के बाद करीब 130 कर्मचारियों अपने आप को बीमार बताते हुए ड्यूटी काटे जाने अर्जी की लगाई है। इन कर्मचारियों अपने प्रार्थना पत्र पर खुद की बीमारी या पत्नी की बीमारी का उल्लेख करके ड्यूटी से छूट दिए जाने की मांग की है। फिलहाल अब तक इनके प्रकरणों पर भी निर्णय नहीं है।

जरूरतमंद कर्मी होंगे मुक्त कार्मिक व्यवस्था प्रभारी व सीडीओ सी. इंदुमती ने बताया हमने कर्मचारियों के प्रार्थना पत्र स्वीकार कर लिए हैं। गर्भवती महिलाएं, बच्चों को दूध पिलाने वाली महिलाएं व गंभीर बीमारी से जूझ रहे महिला व पुरूष कर्मचारी या जिनकी बेटी या बेटा की शादी पड़ रही है। उन्हें ड्यूटी से जांच करने के बाद मुक्त किया जाएगा। हम तीन दिन जरूरतमंद कर्मचारियों के ड्यूटी से मुक्त कर देंगे। अभी तक कर्मचारियों को ड्यूटी से मुक्त इसलिए नहीं किया गया था चूंकि दूसरा रेंडमाइजेंशन 10 फरवरी को होना था। प्रशिक्षण तक किसी कर्मचारी को कोई छूट नहीं है।

यूं तो चुनाव में ड्यूटी हर कर्मचारी को अखरती है। बावजूद इसके हर चुनाव कर्मचारियों के बूते ही संपन्न होता है। ड्यूटी न करने का मन बनाने वाले कर्मचारी भी इसे नौकरी का अंग मान कर पूरा कर देते है। यह बात अलग है कि विशेष परिस्थितियों में कर्मचारियों को ड्यूटी से मुक्त रखने की सहूलियत प्रदान करता है लेकिन मौजूदा चुनाव में उन कर्मचारियों को भी ड्यूटी से मुक्त होने का अवसर नहीं मिल रहा जिनके घर बरात आनी है या जिन्हें खुद घोड़ी चढ़कर बरात ले जानी है। ऐसे में वह परेशान हैं।123 फरवरी को होने वाले मतदान के लिए बूथ पर पोलिंग पार्टी के रूप में ड्यूटी देने के लिए निर्वाचन विभाग को 8440 कार्मिकों की जरूरत है जबकि जिले में ड्यूटी के लिए 10 हजार कर्मचारियों को सूचीबद्ध किया गया है। अब तक तीन सौ से अधिक कर्मचारियों ने ड्यूटी कटाने की अर्जी जिला प्रशासन से लगाई है। कर्मियों के ड्यूटी न करने के पीछे कारण अलग अलग है। नाम न छापने की शर्त पर एक कर्मचारी ने बताया कि उसकी खुद की शादी 23 फरवरी को है, उसने शादी का कार्ड लगाकर ड्यूटी काटने की अर्जी जिला निर्वाचन अधिकारी से लगाई है लेकिन अब तक न उसकी ड्यूटी काटी गयी और न ही यह कहा गया कि ड्यूटी नहीं कटेगी। ऐसे में शादी की तैयारियां करने में भी मन नहीं लगता। ऐसे ही यह किसी एक कर्मचारी की पीड़ा नहीं है, ऐसे अनेक कर्मचारी है जिनमें बेटा, या बेटी की शादी 22 से 23 फरवरी को हो रही है। ऐसे में ड्यूटी न कट पाना उनके लिए बड़ी समस्या है

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