DISTRICT WISE NEWS

अंबेडकरनगर अमरोहा अमेठी अलीगढ़ आगरा आजमगढ़ इटावा इलाहाबाद उन्नाव एटा औरैया कन्नौज कानपुर कानपुर देहात कानपुर नगर कासगंज कुशीनगर कौशांबी कौशाम्बी गाजियाबाद गाजीपुर गोंडा गोण्डा गोरखपुर गौतमबुद्ध नगर गौतमबुद्धनगर चंदौली चन्दौली चित्रकूट जालौन जौनपुर ज्योतिबा फुले नगर झाँसी झांसी देवरिया पीलीभीत फतेहपुर फर्रुखाबाद फिरोजाबाद फैजाबाद बदायूं बरेली बलरामपुर बलिया बस्ती बहराइच बागपत बाँदा बांदा बाराबंकी बिजनौर बुलंदशहर बुलन्दशहर भदोही मऊ मथुरा महराजगंज महोबा मिर्जापुर मीरजापुर मुजफ्फरनगर मुरादाबाद मेरठ मैनपुरी रामपुर रायबरेली लखनऊ लख़नऊ लखीमपुर खीरी ललितपुर वाराणसी शामली शाहजहाँपुर श्रावस्ती संतकबीरनगर संभल सहारनपुर सिद्धार्थनगर सीतापुर सुलतानपुर सुल्तानपुर सोनभद्र हमीरपुर हरदोई हाथरस हापुड़
Showing posts with label प्रतापगढ़. Show all posts
Showing posts with label प्रतापगढ़. Show all posts

Wednesday, September 16, 2020

प्रतापगढ़ : ARP के अवशेष पदों पर चयन हेतु विज्ञप्ति जारी, देखें

प्रतापगढ़ : ARP के अवशेष पदों पर चयन हेतु विज्ञप्ति जारी, देखें।



 व्हाट्सप के जरिये जुड़ने के लिए क्लिक करें।

Saturday, September 5, 2020

प्रतापगढ़ : नौनिहालों के ऑनलाइन शिक्षण को गति देगा सम्पर्क बैठक एप"

Sampark Baithak App : नौनिहालों के ऑनलाइन शिक्षण को गति देगा एप, आसान है इसका प्रयोग।

प्रतापगढ़ : संपर्क बैठक एप एक मोबाइल एप है। इसके माध्यम से कक्षा एक से पांच तक के बच्चे घर में रहकर ही पढ़ाई कर सकते हैं। अभी वर्तमान में लॉकडाउन के कारण पूरे देश के स्कूलों में पढा़ई बंद हो गई है। बच्चों की पढ़ाई प्रभवित न हो इसलिए नए नए तकनीक से बच्चों तक शिक्षा पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। संपर्क बैठक एप के माध्यम से शिक्षक और विद्यार्थी अध्ययन अध्यापन के नए नए तकनीक और तरीकों के बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे। इस एप की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसके उपयोग की प्रक्रिया अत्यंत सरल है।





बेसिक शिक्षकों को संपर्क बैठक एप डाउनलोड करने का निर्देश

मोबाइल एप के माध्यम से पढ़ाई करने के लिए बच्चों और अभिभावकों को प्रेरित करना होगा। बेसिक शिक्षकों को संपर्क बैठक एप डाउन लोड करने का निर्देश दिया गया है। यह एप आनलाइन शिक्षण को गति प्रदान करेगा। शिक्षकों को इसे अपने मोबाइल में डाउनलोड करने के बाद बच्चों व अभिभावकों के एंड्रायड मोबाइल में डाउनलोड करना होगा। इसके माध्यम से शिक्षकों को आनलाइन प्रशिक्षण भी दिया जा सकेगा।


 व्हाट्सप के जरिये जुड़ने के लिए क्लिक करें।

Wednesday, September 2, 2020

प्रतापगढ़ : सीडीओ के निरीक्षण में गायब मिले बीएसए व लेखाधिकारी, पौने ग्यारह बजे तक डीसी और कर्मचारी कार्यालय से थे नदारद, स्पष्टीकरण तलब

प्रतापगढ़ : सीडीओ के निरीक्षण में गायब मिले बीएसए व लेखाधिकारी, पौने ग्यारह बजे तक डीसी और कर्मचारी कार्यालय से थे नदारद, स्पष्टीकरण तलब।

प्रतापगढ़। डीएम के आदेश पर सीडीओ अश्विनी कुमार पांडेय मंगलवार को सुबह पौने ग्यारह बजे बीएसए कार्यालय का निरीक्षण करने पहुंच गए। इस दौरान बीएसए, लेखाधिकारी, जिला समन्वयक समेत आधा दर्जन कर्मचारी गायब रहे। सीडीओ ने उपस्थिति रजिस्टर को जब्त करते हुए गायब अफसरों और कर्मचारियों से तीन दिन में स्पष्टीकरण तलब किया है।




डीएम डॉ. रुपेश कुमार ने दो दिन पहले अफसरों से कार्यालय में मौजूद रहकर समस्याओं का निस्तारण करने को कहा था। मंगलवार को सीडीओ पौने ग्यारह बजे बीएसए कार्यालय निरीक्षण करने पहुंच गए। माह का पहला दिन होने के कारण उपस्थिति रजिस्टर पर नाम ही नहीं लिखा गया था। एसडीएम के पहुंचने पर कर्मचारी रजिस्टर नाम लिखने के साथ ही दस्तखत बनाने लगे। यह देखकर सीडीओ ने नाराजगी जताई और रजिस्टर को अपने कब्जे में ले लिया। हालांकि, दोपहर बाद रजिस्टर बीएसए कार्यालय को लौटा दिया गया। सीडीओ के निरीक्षण में बीएसए अशोक कुमार सिंह, जिलाधिकारी उमेश सिंह,

डीसी अजय प्रकाश दूबे, डीसी श्रीकृष्ण विश्वकर्मा और आधा दर्जन कर्मचारी से अधिक कर्मचारी गायब मिले। सभी से तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण तलब किया है। सीडीओ ने बीएसए के स्टेनो हरिओंकारबख्श सिंह की क्लास ली और बीआरसी को भेजी गई पुस्तकों का स्टॉक बुक में अंकन नहीं होने पर फटकार लगाई।

 व्हाट्सप के जरिये जुड़ने के लिए क्लिक करें।

Saturday, August 22, 2020

शिक्षामित्रों, अनुदेशकों व अन्य संविदा कर्मियों का काम नहीं करेंगे लिपिक, जिला समन्वयक देखेंगे कामकाज

अब जिला समन्वयक देखेंगे संविदा कर्मियों का कामकाज।

बेसिक शिक्षा में तैनाती पाए अनुदेशकों का कामकाज देखने वाले लिपिक द्वारा शासनादेश का उल्लंघन कर उन्हें सेवाओं से बाहर किया जा रहा है।

प्रयागराज :  मंडल के प्रतापगढ़ जनपद में अब शिक्षामित्रों, अनुदेशकों व अन्य संविदा कर्मियों का कामकाज अब बेसिक शिक्षा विभाग के लिपिक नहीं बल्कि जिला समन्वयक देखेंगे। यह निर्देश महानिदेशक शिक्षा ने जारी किया है। इस बदलाव काम काज में सुधार का व्‍यापक बदलाव देखने को मिलेगा।


▪️👉🏻  क्लिक करके देखें राज्य परियोजना निदेशक द्वारा जारी आदेश 👈🏻▪️






उच्च प्राथमिक अनुदेशक वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष ने लिखा था पत्र

इस संबंध में उच्च प्राथमिक अनुदेशक वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष तेजस्वी शुक्ला ने महानिदेशक को पत्र लिखा था। उन्होंने अपने पत्र में कहा था की बेसिक शिक्षा में तैनाती पाए अनुदेशकों का कामकाज देखने वाले लिपिक द्वारा शासनादेश का उल्लंघन कर उन्हें सेवाओं से बाहर किया जा रहा है। वह उनके साथ भेदभाव करते हैं। ऐसे में उनको जिम्मेदारी से हटाया जाना चाहिए। इस पर विचार करने के बाद नई व्यवस्था में अब सेवा विस्तार सहित तमाम कार्यो को जिला समन्वयक में करेंगे। इस बारे में महानिदेशक ने बहुत साफ-साफ चेतावनी दी है कि कामों में आई खामियां भविष्य में नहीं दिखनी चाहिए। अनुदेशकों और संविदा पर काम करने वाले कर्मियों का हर साल रिन्यूअल होता है, इसके साथ ही शिक्षामित्रों से जुड़े तमाम कामों को बेसिक शिक्षा में लिपिक निपटाते आए हैं। सालों साल की व्यवस्था में विराम लगा दिया गया है। कई कई पटल लिपिक संभाल रहे हैं।

बदलाव का व्‍यापक असर कामकाज पर दिखेगा

शिक्षा महानिदेशक द्वारा किए गए बदलाव का व्यापक असर कामकाज पर देखने को मिलेगा। काम में पारदर्शिता भी आएगी। अनुदेशक वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष तेजस्वी शुक्ला ने स्वागत किया है। प्रतापगढ़ के जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अशोक कुमार सिंह ने बताया कि शिक्षा महानिदेशक के निर्देशों का अनुपालन कराया जाएगा। उसी के अनुरूप ड्यूटी तय की जाएगी। स्टाफ की बैठक करके इस बारे में पूरा प्लान तैयार करेंगे। इस बारे में आला अफसरों से बात भी की जाएगी।

...............




फतेहपुर : शिक्षामित्रों और अनुदेशकों का काम नहीं करेंगे लिपिक, जिला समन्वयक (डीसी) को दिया गया कामकाज का जिम्मा।

फतेहपुर : बेसिक शिक्षा में तैनाती पाए अनुदेशकों और शिक्षामित्रों तथा अनुबंध पर काम करने वाले संविदा कर्मियों की सेवाओं का कामकाज लिपिक नहीं करेंगे। इन कर्मियों के कामकाज का जिम्मा अब जिला समन्वयक (डीसी) को दिया गया है। सेवा विस्तार सहित तमाम नामों का संपादन डीसी करेंगे साथ ही महानिदेशक ने चेतावनी दी है कि कामों में आई खामियां भविष्य में नहीं दिखनी चाहिए।





अनुदेशकों और संविदा पर काम करने वाले कर्मियों का हर साल रिन्यूअल होता है, इसके साथ ही शिक्षामित्रों से जुड़े तमाम कामों को बेसिक शिक्षा में लिपिक निपटाते आए हैं। सालों साल की व्यवस्था में विराम लगा दिया गया है। अब यह सारा काम जिला समन्वयक से बेसिक शिक्षा अधिकारी कराएंगे। विभाग में लिपिकों की भारी कमी है। कई कई पटल लिपिक संभाल रहे हैं। जिससे निर्धारित अवधि में काम न होने से परेशानी होती है। शिक्षा महानिदेशक द्वारा बदलाव किया गया है। जिसका अनुपालन कराया जाएगा । जिससे कि शासन की मंशा साकार हो सके और समयबद्ध तरीके से काम का संपादन हो सके। शिवेंद्र प्रताप सिंह, बीएसए


 व्हाट्सप के जरिये जुड़ने के लिए क्लिक करें।

Wednesday, August 19, 2020

प्रतापगढ़ में 17 परिषदीय शिक्षक मिले फर्जी, पांच पर एफआइआर

प्रतापगढ़ में 17 परिषदीय शिक्षक मिले फर्जी, पांच पर एफआइआर।


बीईओ ने बताया है कि सुबोध का चयन 68 हजार 500 शिक्षकों की नियुक्ति में हुआ था। शिक्षक का टीईटी प्रमाण पत्र जांच में फर्जी मिला है। 

प्रयागराज : पडोसी जनपद प्रतापगढ़ में जिले के परिषदीय स्कूलों में 17 परिषदीय शिक्षकों के अभिलेख फर्जी मिले हैं। इनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराने का आदेश बीएसए ने दिया है। इनमें से मंगलवार को पांच परिषदीय शिक्षकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। यह सभी फर्जी दस्तावेज से नौकरी हासिल किए थे। इनके विरुद्ध धोखाधड़ी, जालसाजी का मुकदमा थानों में दर्ज कराया गया है।



नौकरी के लिए बन गए थे भूतपूर्व सैनिक
जिले के परिषदीय स्कूलों में फर्जीवाड़ा कर नौकरी हासिल करने वालों पर विभाग ने शिकंजा कसा है। वर्ष 2017-18 में फर्जी दस्तावेज से शिक्षक की नौकरी हासिल करने वाले 17 शिक्षकों के अभिलेख फर्जी पाए गए हैं। इनके विरुद्ध बेसिक शिक्षा अधिकारी अशोक कुमार सिंह ने एफआइआर का आदेश दिया है। लालगंज प्रतिनिधि के अनुसार रामपुर संग्रामगढ़ के खंड शिक्षा अधिकारी मो. रिजवान ने लालगंज कोतवाली में दी गई तहरीर में कहा है कि प्राथमिक विद्यालय ढिंगवस में उर्दू भाषा में जिले के मधुपुर प्रतापगढ़ निवासी रियासत अली पुत्र अब्दुल खालिक ने हाईस्कूल तथा इंटरमीडिएट के अंक पत्र फर्जी लगाकर नियुक्ति हासिल कर ली थी। यही नहीं शिक्षक ने स्वयं को भूतपूर्व सैनिक होने का भी फर्जी प्रमाण पत्र लगाया था। जांच में फर्जीवाड़े का राजफाश हुआ।

बीएड का फर्जी अंकपत्र लगाकर कर रहे थे नौकरी
इसी तरह प्राथमिक विद्यालय वीरसिंहपुर में कौशांबी जिले के पूरे पोखरा निवासी अरविंद कुमार पुत्र अमरनाथ ने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय झांसी से फर्जी बीएड का अंकपत्र लगाकर सहायक अध्यापक पद पर धोखे से चयन करा लिया था। जांच में बुंदेलखंड विश्वविद्यालय ने आरोपित द्वारा दिए गए अनुक्रमांक को फर्जी बताया। इसी तरह जिले के मेंहदियावारी मुस्तर्का प्रतापगढ़ निवासी संजीव कुमार पुत्र रामनाथ ने विकासखंड के ग्राम पंचायत जेवई पूरे विश्राम प्राथमिक विद्यालय में फर्जी अंकपत्र लगाकर सहायक अध्यापक पद पर नियुक्ति हासिल कर ली थी। जांच में संजीव कुमार के अभिलेख कूटरचित पाए गए। बीईओ मो. रिजवान ने बताया कि तीनों शिक्षकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। इनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा रही है। सांगीपुर प्रतिनिधि के अनुसार सहायक अध्यापिका पर फर्जी दस्तावेज से नौकरी हासिल करने पर  कोठा नेवडिय़ा प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका उमा देवी सरोज पुत्री अजय सरोज के खिलाफ सांगीपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है।

जांच में शिक्षिका का 2011 टीईटी का प्रमाण पत्र फर्जी मिला 
जांच में 2011 टीईटी का फर्जी प्रमाण पत्र लगाकर नौकरी हासिल करना पाया गया। इस पर  खंड शिक्षा अधिकारी संड़वा चंद्रिका राम शंकर ने मंगलवार को सांगीपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया। संड़वाचंद्रिका प्रतिनिधि के अनुसार अंतू थाना क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय मझिलहा में टीईटी के फर्जी प्रणामपत्र पर नौकरी कर रहे शिक्षक सुबोध कुमार के खिलाफ बीईओ ने अंतू थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। जांच में मामला पकड़ में आने पर बीएसए ने बीईओ सदर को रिपोर्ट दर्ज कराने का आदेश दिया था। बीईओ ने बताया है कि सुबोध का चयन 68 हजार 500 शिक्षकों की नियुक्ति में हुआ था। शिक्षक का टीईटी प्रमाण पत्र जांच में फर्जी मिला है। विभाग द्वारा शिक्षक को अभी वेतन निर्गत नहीं  किया गया है। बीएसए अशोक कुमार सिंह ने बताया कि 17 शिक्षकों ने फर्जी दस्तावेज से नौकरी हासिल की थी। इन सभी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराने का आदेश खंड शिक्षाधिकारियों को दिया गया है।

..........


प्रतापगढ़ : दो शिक्षकों पर धोखाधड़ी का केस दर्ज, फर्जी दस्तावेजों से हासिल की थी नौकरी, बीईओ ने दी तहरीर।

प्रतापगढ़ : दो शिक्षकों पर धोखाधड़ी का केस दर्ज, फर्जी दस्तावेजों से हासिल की थी नौकरी, बीईओ ने दी तहरीर।

फर्जी दस्तावेज के सहारे नौकरी हासिल करने वाले दो शिक्षकों पर बाघराय पुलिस ने धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज की है। यह लोग कभी विद्यालय में नहीं आए। उनके अभिलेख फर्जी होने की जानकारी पर पुलिस ने बीईओ की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर लिया है।


क्षेत्र के परिषदीय स्कूलों में फर्जी अभिलेख लगाकर नौकरी हथियाने वाले दो शिक्षक बिहार ब्लाक में भी मिले हैं। बीएसएफ की तहरीर पर बाघराय पुलिस ने उन पर भी मुकदमा दर्ज कर लिया है। बिहार विकास खंड के बीईओ आशीष पांडेय की तहरीर पर प्राथमिक विद्यालय शकरदहा में नियुक्त शिक्षक पुष्पा पटेल पुत्री रामलखन निवासी गांव चकनुद्दीनपुर थाना कोरांव प्रयागराज व प्राथमिक विद्यालय शकरदहा में तैनात सुनील कुमार शुक्ला पुत्र खेमचंद शुक्ल निवासी समा की सराय बेधनगोपालपुर थाना बाघराय के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया है। 

यह लोग फर्जी दस्तावेज के सहारे नौकरी कर रहेथे। बाघराय पुलिस ने उन पर धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया है। उधर, महेशगंज थाना क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय सरायस्वामी में कार्यरत शिवमूरत सिंह और प्राथमिक विद्यालय पूरेजनक राजापुर में कार्यरत कमलेश कुमार के खिलाफ खंड शिक्षा अधिकारी मोहम्मद रिजवान ने जालसाजी कूट रचित दस्तावेज तैयार कर नौकरी हासिल करने की तहरीर दी है। तहरीर मिलने के बाद पुलिस देर शाम दोनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की तैयारी में थी।

.............


फर्जीवाड़ा में 12 और शिक्षकों पर एफआईआर।


फर्जीवाड़ा कर बेसिक शिक्षा विभाग में नौकरी हासिल करने वाले 17 में से16 शिक्षकों के विरुद्ध एफआईआर हो चुकी है। तहरीर देने के बावजूद अभी एक शिक्षक पर एफआईआर नहीं हो सकी है। चार के खिलाफ मंगलवार को तो 12 के विरुद्ध बुधवार को रिपोर्ट दर्ज की गई।
प्राथमिक शिक्षक बनने में बहुत से लोगों ने अभिलेखों में हेरफेर कर कामयाबी हासिल की है। फर्जीवाड़ा करने वाले ऐसे शिक्षकों के खिलाफ शासन स्तर से जांच कराई जा रही है। एसटीएफ, एसआईटी व विभाग की जांच में फर्जीवाड़ा करने वाले सामने आ रहे हैं। जिले में मंगलवार को 17 शिक्षक इस तरह के पकड़ में आए।

 मंगलवार को ही खंड शिक्षा अधिकारियों की तहरीर पर चार शिक्षकों के विरुद्ध एफआईआर हुई थी जबकि 13 के खिलाफ तहरीर पुलिस को दी जा चुकी है। बुधवार को लक्ष्मणपुर ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय की सहायक अध्यापिका मीना देवी, प्राथमिक विद्यालय समसपुर कुंडा के शिक्षक बृजेन्द्र कुमार, प्राथमिक विद्यालय मझिलहा सदर के शिक्षक सुबोध कुमार सिंह, प्राथमिक विद्यालय सराय बिहार के शिक्षक सुनील कुमार शुक्ल, प्राथमिक विद्यालय शकरदहा प्रथम बिहार की शिक्षिका पुष्पा पटेल और प्राथमिक विद्यालय शाहपुर कुंडा के शिक्षक राकेश कुमार के विरुद्ध संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों की तहरीर पर अलग अलग थानों में रिपोर्ट दर्ज की गई।

फर्जीवाड़ा करने वाले छह और शिक्षकों पर बुधवार शाम पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की। इनमें प्राथमिक विद्यालय सराय स्वामी बाबागंज के शिक्षक शिव मूरत सिंह, प्राथमिक विद्यालय मनकापुर बेलखरनाथ की शिक्षिका जाकिरा बानो, प्राथमिक विद्यालय नारायणपुर मंगरौरा की शिक्षिका सुषमा वर्मा, प्राथमिक विद्यालय मोहद्दीनपुर मानधाता की शिक्षिका रागिनी सिंह, प्राथमिक विद्यालय पूरे जनक बाबागंज के शिक्षक कमलेश कुमार सिंह और प्राथमिक विद्यालय सराय मेदीराय मानधाता की शिक्षिका उषा पटेल शामिल हैं। प्राथमिक विद्यालय चांदपुर मंगरौरा के शिक्षक रमीज खान के खिलाफ तहरीर दी गई है लेकिन अब तक रिपोर्ट नहीं दर्ज हो सकी है। बीएसए अशोक कुमार सिंह ने बताया कि फर्जीवाड़ा करने वाले 16 शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज हो चुकी है। रमीज खान पर रिपोर्ट के लिए उन्होंने डीएम से मिलने की बात कही।


 व्हाट्सप के जरिये जुड़ने के लिए क्लिक करें।

Tuesday, August 11, 2020

प्रतापगढ़ : प्राइमरी स्‍कूल में जांच के लिए पहुंचा खंड शिक्षाधिकारी निकला फर्जी, ग्रामीणों ने जम कर की धुनाई

प्रतापगढ़ : प्राइमरी स्‍कूल में जांच के लिए पहुंचा खंड शिक्षाधिकारी निकला फर्जी, हुई पिटाई।

ग्रामीण फर्जी बीईओ से परिचय पत्र मांगने लगे तो वह सकपका गया। इतने में ग्रामीणों ने उसे पीटना शुरू कर दिया। मौके पर पहुंची पुलिस उसे पकड़कर थाने ले गई।

प्रयागराज :: पडोसी जनपद प्रतापगढ़ में एक प्राथमिक स्‍कूल में जांच के लिए पहुंचे खंड शिक्षाधिकारी ही फर्जी निकले। जब यह राज खुला तो शिक्षिका ने ग्रामीणों को बुला लिया। इसके बाद खंड शिक्षाधिकारी ग्रामीणों ने जमकर धुनाई कर दी। इसके बाद आरोपित को पुलिस के हवाले कर दिया। शिक्षिका ने मामले में संग्रामगढ़ पुलिस को तहरीर दी है।




 यह था मामला

संग्रामगढ़ थाना क्षेत्र के चुभकी गांव निवासी सुशीला यादव अपने ही गांव के प्राइमरी स्कूल में सहायक अध्यापिका पद पर तैनात है। उनके विद्यालय में तीन दिन पहले एक युवक पहुंचा और खुद को खंड शिक्षाधिकारी बताते हुए कहा कि उनके खिलाफ शिकायत हुई है, उसी की जांच करने आए हैं। अगर दस हजार रुपये दे देंगी तो सब कुछ मैनेज कर लिया जाएगा।  बातचीत के दौरान सुशीला को शक हो गया कि जो युवक खुद को खंड शिक्षाधिकारी बता रहा है, वह जालसाज है। क्योंकि उनके यहां के खंड शिक्षाधिकारी मोहम्मद रिजवान हैं। यह पूछने पर वह कहने लगा कि मैंने जल्द ही चार्ज लिया है। बातचीत करने के बाद शिक्षिका का फोन नंबर लेकर वह युवक स्कूल से चला गया। उसी दिन से वह युवक सुशीला देवी को फोन करके पैसा देने का दबाव बनाने लगा।




घूस की रकम लेने पहुंचे फर्जी खंड शिक्षाधिकारी की ग्रामीणों ने की पिटाई

आजिज आकर शिक्षिका सुशीला देवी ने उसे सोमवार को पैसा देने के लिए स्कूल बुलाया। यही नहीं उन्होंने पूरे प्रकरण की जानकारी ग्रामीणों को भी दे दी। सोमवार को सुबह स्कूल खुलते ही करीब साढ़े नौ बजे वह जालसाज युवक पैसा लेने के लिए पहुंच गया। इतने में स्कूल पर नजर गड़ाए ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उसे घेर लिया। ग्रामीण उससे परिचय पत्र मांगने लगे तो वह सकपका गया। इतने में ग्रामीणों ने उसे पीटना शुरू कर दिया। मौके पर पहुंची पुलिस युवक को पकड़कर थाने ले गई।


पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा

थाने में पूछताछ में पकड़े गए जालसाज ने अपना नाम राजेंद्र कुमार यादव पुत्र छेदीलाल यादव भिटारी गांव का निवासी बताया। शिक्षिका सुशीला देवी की तहरीर पर पुलिस ने राजेंद्र यादव के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया। संग्रामगढ़ एसओ आशुतोष तिवारी ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज करके राजेंद्र यादव को गिरफ्तार कर  लिया गया है।


 व्हाट्सप के जरिये जुड़ने के लिए क्लिक करें।