DISTRICT WISE NEWS

अंबेडकरनगर अमरोहा अमेठी अलीगढ़ आगरा आजमगढ़ इटावा इलाहाबाद उन्नाव एटा औरैया कन्नौज कानपुर कानपुर देहात कानपुर नगर कासगंज कुशीनगर कैसरगंज कौशांबी कौशाम्बी गाजियाबाद गाजीपुर गोंडा गोण्डा गोरखपुर गौतमबुद्ध नगर गौतमबुद्धनगर चंदौली चन्दौली चित्रकूट जालौन जौनपुर ज्योतिबा फुले नगर झाँसी झांसी देवरिया पीलीभीत फतेहपुर फर्रुखाबाद फिरोजाबाद फैजाबाद बदायूं बरेली बलरामपुर बलिया बस्ती बहराइच बागपत बाँदा बांदा बाराबंकी बिजनौर बुलंदशहर बुलन्दशहर भदोही मऊ मथुरा महराजगंज महाराजगंज महोबा मिर्जापुर मीरजापुर मुजफ्फर नगर मुजफ्फरनगर मुज़फ्फरनगर मुरादाबाद मेरठ मैनपुरी मैनपूरी रामपुर रायबरेली लखनऊ लख़नऊ लखीमपुर खीरी ललितपुर वाराणसी शामली शाहजहाँपुर श्रावस्ती संतकबीरनगर संभल सहारनपुर सिद्धार्थनगर सीतापुर सुलतानपुर सुल्तानपुर सोनभद्र हमीरपुर हरदोई हाथरस हापुड़

Sunday, August 22, 2117

अब तक की सभी खबरें एक साथ एक जगह : प्राइमरी का मास्टर ● इन के साथ सभी जनपद स्तरीय अपडेट्स पढ़ें



स्क्रॉल करते जाएं और पढ़ते जाएं सभी खबरें एक ही जगह। जिस खबर को आप पूरा पढ़ना चाहें उसे क्लिक करके पढ़ सकते हैं।

    Thursday, January 18, 2018

    फतेहपुर : वि0बी0टी0सी0 2004 प्रशिक्षण प्राप्त शिक्षकों की जी0पी0एफ0 कटौती हेतु न्यायालय के आदेशानुसार आवश्यक कार्यवाही हेतु लेखाधिकारी का आदेश जारी

    फतेहपुर : वि0बी0टी0सी0 2004 प्रशिक्षण प्राप्त शिक्षकों की जी0पी0एफ0 कटौती हेतु न्यायालय के आदेशानुसार आवश्यक कार्यवाही हेतु लेखाधिकारी का आदेश जारी

    शाहजहाँपुर : द्वित्तीय सत्र परीक्षा हेतु संशोधित समय सारिणी जारी, देखें

    शाहजहाँपुर : द्वित्तीय सत्र परीक्षा हेतु संशोधित समय सारिणी जारी, देखें

    कन्नौज : मा0 न्यायालय द्वारा पारित आदेश के क्रम में वि0बी0टी0सी0 2004 बैच के नियुक्त अध्यापकों की जीपीएफ कटौती हेतु आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश जारी

    कन्नौज : मा0 न्यायालय द्वारा पारित आदेश के क्रम में वि0बी0टी0सी0 2004 बैच के नियुक्त अध्यापकों की जीपीएफ कटौती हेतु आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश जारी

    बुलंदशहर : मा0 न्यायालय द्वारा पारित आदेश के क्रम में वि0बी0टी0सी0 2004 बैच के नियुक्त अध्यापकों की जीपीएफ कटौती हेतु आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश जारी

    बुलंदशहर : मा0 न्यायालय द्वारा पारित आदेश के क्रम में वि0बी0टी0सी0 2004 बैच के नियुक्त अध्यापकों की जीपीएफ कटौती हेतु आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश जारी

    अलीगढ़ : मध्यान्ह भोजन निर्माण की सूचना IVRS पर न दिए जाने के कारण सम्बन्धित 197 शिक्षकों के एक दिन की वेतन कटौती का आदेश जारी, शिक्षकों की सूची सह आदेश देखें

    अलीगढ़ : मध्यान्ह भोजन निर्माण की सूचना IVRS पर न दिए जाने के कारण सम्बन्धित 197 शिक्षकों के एक दिन की वेतन कटौती का आदेश जारी, शिक्षकों की सूची सह आदेश देखें




    वर्ष 2018 की बोर्ड परीक्षा में विद्युत आपूर्ति रहित परीक्षा केंद्रों पर मिट्टी के तेल की व्यवस्था के सम्बंध में आदेश जारी

    वर्ष 2018 की बोर्ड परीक्षा में विद्युत आपूर्ति रहित परीक्षा केंद्रों पर मिट्टी के तेल की व्यवस्था के सम्बंध में आदेश जारी

    बहराइच : स्वेटर वितरण हेतु गठित ज़िला स्तरीय समिति ने अधिकतम 180₹ कीमत का मॉडल स्वेटर प्रति विकास उपलब्ध करा तद्नुसार प्रत्येक विद्यालय में वितरित करने सम्बन्धी दिए निर्देश, देखें

    बहराइच : स्वेटर वितरण हेतु  गठित ज़िला स्तरीय समिति ने अधिकतम 180₹ कीमत का मॉडल स्वेटर प्रति विकास उपलब्ध करा तद्नुसार प्रत्येक विद्यालय में वितरित करने सम्बन्धी दिए निर्देश, देखें

    वाराणसी : मध्याह्न भोजन योजनान्तर्गत "स्वस्थ शरीर स्वस्थ दिमाग" पखवाड़ा मनाए जाने के सम्बंध में सभी बीईओ को निर्देश जारी, देखें

    वाराणसी : मध्याह्न भोजन योजनान्तर्गत "स्वस्थ शरीर स्वस्थ दिमाग" पखवाड़ा मनाए जाने के सम्बंध में सभी बीईओ को निर्देश जारी, देखें

    फतेहपुर : अंतर्जनपदीय स्थानांतरण हेतु ऑनलाइन आवेदन में सैलरी डाटा सम्बन्धी त्रुटियों के निवारण हेतु लेखाधिकारी को निर्देश जारी

    फतेहपुर : अंतर्जनपदीय स्थानांतरण हेतु ऑनलाइन आवेदन में सैलरी डाटा सम्बन्धी त्रुटियों के निवारण हेतु लेखाधिकारी को निर्देश जारी

    कुशीनगर : दो दिन के लिए बंद हुए स्कूल, ठंड को देखते हुए कक्षा 8 तक के सभी स्कूल 18 व 19 जनवरी को बंद, डीएम ने दिया आदेश, शिक्षक विद्यालय पर रहेंगे मौजूद

    पडरौना, कुशीनगर: जिलाधिकारी आंद्रा वामसी के निर्देश पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी हेमंत राव ने ठंड व गलन के दृष्टिगत 18 व 19 जनवरी को कक्षा आठ तक के सभी विद्यालयों में शिक्षण कार्य स्थगित करने का निर्देश दिया है। यह निर्देश पडरौना नगर में संचालित मूक-बधिर विद्यालय व जिले के सभी कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों पर भी लागू होगा। इस दौरान सभी शिक्षक, शिक्षणोत्तर कर्मचारी विद्यालय आएंगे और विद्यालयीय कार्य करेंगे।

    आरक्षण का लाभ पाकर पदोन्नति का मामला : बेसिक शिक्षकों को पदावनत न किये जाने पर असंतोष, कोर्ट के आदेश पालन को चक्कर लगा रहे शिक्षक

    लाभ पाकर पदोन्नत हुए बेसिक शिक्षकों को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी पदावनत न किए जाने पर असंतोष जताते हुए सर्वजन हिताय संरक्षण समिति ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से हस्तक्षेप की मांग की है। समिति ने कहा कि अदालती आदेश का पालन न किए जाने से सामान्य व अन्य पिछड़ी जाति के शिक्षकों की पदोन्नति नहीं हो पा रही है, जिससे यह शिक्षक अदालतों के चक्कर लगाने को मजबूर हो गए हैं।

    समिति के स्थापना दिवस पर बुधवार को हाइडिल फील्ड हॉस्टल में हुई सभा में कहा गया कि प्रदेश के अन्य सभी विभागों में सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के मुताबिक पदावनति प्रक्रिया दो साल पहले पूरी की जा चुकी है, जबकि बेसिक शिक्षा विभाग में इसका पालन नहीं किया जा रहा है। समिति के अध्यक्ष शैलेंद्र दुबे ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन कराने के लिए मुख्य सचिव ने 21 अगस्त 2015 को सभी विभागों को ऐसे सभी कार्मिकों को पदावनत करने का निर्देश दिया था, जो आरक्षण के जरिये 16 नवंबर 1997 से 28 अप्रैल 2012 के बीच पदोन्नत किए गए थे। पदावनति से रिक्त पदों पर वरिष्ठता के अनुसार पदोन्नति करने के निर्देश शासन ने दिए थे। समिति ने आरोप लगाया कि बेसिक शिक्षा विभाग में उच्च स्तर पर भारी भ्रष्टाचार की वजह से पिछली सरकार के समय सुप्रीम कोर्ट का निर्णय लागू नहीं किया गया, लेकिन अब सरकार बदलने के बाद भी बेसिक शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों का उपेक्षापूर्ण रवैया चल रहा है और सुप्रीम कोर्ट के निर्णय की अवमानना की जा रही है। समिति ने बताया कि लखनऊ, रायबरेली और वाराणसी के प्राथमिक शिक्षकों को इलाहाबाद हाईकोर्ट में इसे लेकर अवमानना याचिका दाखिल करनी पड़ी, तब इन जिलों में पिछले महीने सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के मुताबिक जूनियर शिक्षकों को रिवर्ट करने और उनका वेतन फ्रीज करने की कार्यवाही शुरू हुई।

    समिति ने सवाल उठाया है कि सुप्रीम कोर्ट का निर्णय लागू कराने के लिए क्या सभी 75 जिलों के शिक्षकों को अवमानना याचिका दाखिल करनी पड़ेगी। बैठक में एए फारुकी, एचएन पांडेय, राजीव सिंह, एसएस निरंजन, वाइएन उपाध्याय, रीना त्रिपाठी आदि मौजूद थे।

    लखनऊ : शासन ने जारी किया आधा बजट तो स्कूलों ने निकाला रास्ता, स्कूलों में विकास फंड से खरीदे जा रहे स्वेटर

    शहर के प्राइमरी और जूनियर स्कूलों ने अब स्वेटर बांटने के लिए नया तरीका निकाला है। स्कूल अपने विकास फंड से बच्चों को स्वेटर बांट रहे हैं। शासन की ओर से प्रति स्वेटर 200 रुपये की दर निर्धारित की थी, लेकिन स्कूलों को अभी आधा पैसा यानी 100 रुपये स्वेटर की दर से ही भुगतान किया गया है। अब बाजार में दुकानदारों ने आधे बजट में स्वेटर देने से इनकार कर दिया है। ऐसे में विभागों की पुताई और मरम्मत के लिए जो विकास फंड जारी किया गया था, उससे बच्चों को स्वेटर बांट दिया गया है। शिक्षकों का कहना है कि अब सरकार जब स्वेटर का आधा पैसा जारी करेगी तब पुताई आदि का काम करवाया जाएगा।

    काकोरी स्थित पूर्व माध्यमिक विद्यालय भरोसा में बुधवार को 40 बच्चों को स्वेटर बांटा गया। यहां के प्रधानाध्यापक विरेंद्र सिंह ने बताया कि सरकार की ओर से स्वेटर के लिए आधा पैसा ही दिया गया। हमारे यहां 56 बच्चों को स्वेटर दिया जाना था। ऐसे में विकास मद में 7 हजार रुपये आए थे, उसे हमने स्वेटर खरीदने का प्रस्ताव कमिटी पास कर स्वेटर खरीदे। आसपास के ज्यादातर स्कूलों ने भी विकास मद से ही स्वेटर खरीदे हैं। हालांकि जिन स्कूलों में बच्चों की संख्या डेढ़ से दो सौ है उनके सामने समस्या है। क्योंकि विकास मद प्राइमरी स्कूल को 5 हजार रुपये और और जूनियर को 7 हजार रुपये दिया जाता है। इससे प्राइरमी में 20 और जूनियर में 34 स्वेटर ही खरीदे जा सकते हैं।

    सिद्धार्थनगर : वर्दी की गोद भी न दे पाई स्कूलों को मुस्कान, एसपी के विद्यालय में सिर्फ 64 बच्चों का पंजीयन जिले के लिए आदर्श नहीं बन सके 26 विद्यालय

    गांव के प्राइमरी का भी कभी रुतबा था। इसमें पढ़कर बृजलाल डीजीपी बने, पर आज प्राइमरी कद घट गया है। यह विद्यालय अभिशाप सरीखे बन गए हैं। इनकी पुरानी पहचान हासिल करने के लिए जोन पुलिस ने एक परंपरा शुरू की। गोद लेने की। अफसोस सब कुछ सिर्फ खाना पूरी तक सिमटा।

    संबंधित पुलिस अधिकारी को सप्ताह में एक बार गोद लिए विद्यालय पर पहुंचना था। ताकि गुणवत्ता में सुधार आए, पर पिछले नौ माह में पुलिस कहीं दो बार पहुंची तो कहीं तीन बार। ऐसे में इन स्कूलों को वर्दीवाली गोद भी मुस्कान न दे पाई।क्या थी योजना एसपी, एएसपी, सीओ समेत सभी थानाध्यक्षों को एक-एक विद्यालय गोद लेना था। उद्देश्य था विद्यालयों की दशा संवारना। शिक्षास्तर में सुधार। विद्यालयों में बच्चों की संख्या बढ़े। शिक्षक नियमित विद्यालय पहुंचें। बच्चों का सर्वांगीण विकास हो। जिले में एसपी, एएसपी, के अलावा पांच सीओ, 19 थानाध्यक्ष हैं। ढंग का प्रयास होता तो 26 विद्यालय आदर्श बनते। माडल तो दूर यहां सुविधाओं का अभाव है। बच्चों की संख्या कम, पठन-पाठन ठीक नहीं है। हैंडपंप दूषित जल देता है।गोद लेकर एसपी भूल गए स्कूल नगर की गोद में ठीक सड़क पर मौजूद पूर्व माध्यमिक तेतरी बाजार व प्राथमिक विद्यालय तेतरी प्रथम को एसपी ने गोद लिया है। बीते नौ माह में सिर्फ दो बार वह इन विद्यालयों पर पहुंचे।

    वह भी निवर्तमान। गत 17 व 29 जुलाई। वर्तमान एसपी अभी नहीं जा सके हैं।पत्र पर विभाग ने नहीं दिया ध्यान एएसपी अर¨वद कुमार मिश्र ने प्राथमिक विद्यालय पुराना नौगढ़ को गोद ले रखा है। नौ माह में वह भी सिर्फ दो बार विद्यालय जा चुके हैं। हालांकि स्थिति सुधार के लिए उन्होंने बीएसए को कुछ पत्र भी लिखा, पर अमल नहीं हो सका।सिर्फ 64 बच्चों का नामांकन पूर्व माध्यमिक तेतरी बाजार में इंचार्ज प्रधानाध्यापिका समेत चार महिला अध्यापक हैं। यहां 64 बच्चों का नामांकन है। यहां कभी 40 से अधिक बच्चे नहीं दिखे। पुलिस अधीक्षक यहां दो बार पढ़ाने आ चुके हैं। पहली बार 26 बच्चे देखे गए तो दूसरी बार बच्चों की संख्या 36 मिली।

    दूषित पानी पीते हैं बच्चे

    प्राथमिक विद्यालय पुराना नौगढ़, पूर्व माध्यमिक विद्यालय तेतरी बाजार, प्राथमिक विद्यालय तेतरी प्रथम समेत अधिकांश विद्यालय जिसे पुलिस ने गोद ले रखा है। वहां हैंडपंप खराब हैं। इंडिया मार्क हैंडपंपों से पीला पानी आता है। उपद्रवियों ने बाउंड्री तोड़ने का प्रयास किया। शिकायत हुई, पर कार्रवाई नहीं हुई।व्यस्तता के चलते स्कूल नहीं जाया जा सका। बाढ़, वीआइपी कार्यक्रम, घटनाओं के खुलासे आदि में काफी समय निकला। फिर भी इधर विद्यालयों की स्थिति सुधारने पर ध्यान दिया जाएगा।  डा.धर्मवीर सिंह, पुलिस अधीक्षक

    संतकबीरनगर : पाठ को खंडों में बांटकर पढ़ाने के लिए बनाती हैं कठपुतली का संवाद, बच्चों को भा रहा कठपुतली का पाठ

    बेहतर प्रयासदादा-दादी की कहानियों और व्यवहारिक जीवन के प्रसंग को शामिल करती हैं शिक्षिका आरतीसांस्कृतिक क्रियाकलापों में रही है रुचि

    कठपुतलियां हमेशा से संदेश देने वाली रहीं हैं। मनोरंजन कराने के साथ सीख देने वाली रही हैं। यह अलग बात है कि नई तकनीक के दौर में इनकी पहचान कम हो गई है, बावजूद इसके जिले की एक महिला शिक्षक आरती श्रीवास्तव ने इन कठपुतलियों को बच्चों को सुचारू व बेहतर ढंग से शिक्षा देने का सशक्त माध्यम साबित किया है। विशेष तौर पर तैयार कराया गया कठपुतली का पाठ बच्चों को खूब भा भी रहा है।

    आरती श्रीवास्तव कठपुतली के माध्यम से गणित और विज्ञान समेत हर विषय में शिक्षण का कार्य करती हैं। पाठ को खंडों में बांटकर पढ़ाने के लिए कठपुतली का संवाद बनाती हैं और रोचक बनाने के लिए दादा-दादी की कहानियों के साथ व्यावहारिक जीवन के प्रसंग को शामिल करती हैं। उनकी तैनाती तो खलीलाबाद ब्लाक के ग्राम मिश्रवलिया स्थित प्राथमिक विद्यालय में बतौर प्रधानाध्यापक के रूप में है लेकिन वह समय मिलने पर दूसरे विद्यालयों के बच्चों को भी पढ़ाने पहुंचती हैं। वह प्रतिदिन बच्चों को एक घंटे कठपुतली के माध्यम से शिक्षा देती हैं। विभाग के अधिकारी मानते हैं कि आरती के प्रयास से बच्चों में सीखने की स्थिति में तेजी से सुधार हुआ है। यही कारण है कि बच्चों के बीच उनकी पहचान कठपुतली वाली मैम की बन गई हैं।इस संबंध में प्रताप सिंह बघेल, प्राचार्य-जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान, संतकबीर नगर ने बताया कि आरती का यह प्रयास सराहनीय है। कठपुतली से बच्चे जल्दी बात समझ रहे हैं। नि:संदेह इससे गणित, विज्ञान की जटिल भाषा को समझने में सुविधा हो रही है।’

    बच्चों में सीखने की प्रवृत्ति में तेजी से हो रहा सुधारधनघटा तहसील के ग्राम गोपियापुर की रहने वाली आरती श्रीवास्तव संगीत में प्रभाकर हैं। आरंभिक समय से ही आरती की रुचि शैक्षिक और सांस्कृतिक क्रिया कलापों में रही है। 2009 में विशिष्ट बीटीसी के माध्यम से उनका चयन सहायक अध्यापक के पद पर हुआ। 2011 में मिश्रवलिया में प्रधानाध्यापक बनकर आने के बाद उन्होंने अपने स्तर से विद्यालय की शैक्षिक व्यवस्था में नवाचार का प्रयोग करने का निर्णय लिया।

    जिला शिक्षा और प्रशिक्षण संस्थान का इसमें सहयोग मिला। उन्हें राज्य शैक्षिक और अनुसंधान परिषद में कला, कठपुतली और क्राफ्ट की ट्रेनिंग के लिए भेजा गया। वहां से उन्होंने कठपुतली संचालन का प्रशिक्षण प्राप्त किया। आरती कहती हैं कि इससे उन्हें सुकून मिलता है और चाहती हैं कि बेसिक शिक्षा विभाग उनके सहयोग से कोई ऐसी कार्ययोजना तय करें जिससे पूरे जिले के विद्यालयों के बच्चों को इस माध्यम से शिक्षा मिल सके।

    दादा लाए आम, बताओ कितने हुए दाम : कठपुतली के माध्यम से पढ़ाने के लिए आरती द्वारा संवाद अपने स्तर से बनाए जाते हैं। जोड़ घटाना आदि पढ़ाने के लिए उनका संवाद ‘दादा जी लाए आम, बच्चों बताओ कितना हुआ दाम। ‘बारह मिले अनार, आपकी संख्या चार, बताओ कितने मिले अनार’ जैसे व्यावहारिक जीवन से जुड़े संवादों से वह विषय वस्तु को आत्मसात कराती हैं।
    कठपुतली के माध्यम से बच्चों को पढाती आरती

    गोरखपुर : अभ्यर्थियों ने लगाया आरोप, बीआरसी सहसमन्वयकों की सूची पर उठे सवाल, सहसमन्वयकों की मनचाही के लिए वसूले गए 30 से 50 हजार रुपये

    अभ्यर्थियों ने लगाया आरोप, बीआरसी सहसमन्वयकों की सूची पर उठे सवाल, सहसमन्वयकों की मनचाही के लिए वसूले गए 30 से 50 हजार रुपये

    सीतापुर : फर्जी शिक्षकों मिलने की आशंका, शासन के निर्देश पर जांच शुरु


    फर्जी शिक्षकों मिलने की आशंका, शासन के निर्देश पर जांच शुरु

    शासनादेश के विरुद्ध स्थानांतरण व नियुक्ति सहित कई आरोपों में मऊ बीएसए निलंबित, बेसिक शिक्षा निदेशालय से किये गए संबद्ध


    शासनादेश के विरुद्ध स्थानांतरण व नियुक्ति सहित कई आरोपों में मऊ बीएसए निलंबित, बेसिक शिक्षा निदेशालय से किये गए संबद्ध

    सीतापुर : NPS से लाभांवित शिक्षकों के वेतन से शुरू हुई कटौती, 5 हजार शिक्षक लाभांवित


    NPS से लाभांवित शिक्षकों के वेतन से शुरू हुई कटौती, 5 हजार शिक्षक लाभांवित

    सीतापुर : 5 माह से नही मिला समायोजित शिक्षामित्रों को मानदेय, बीईओ करें गलती, भुगत रहे शिक्षामित्र


    5 माह से नही मिला समायोजित शिक्षामित्रों को मानदेय, बीईओ करें गलती, भुगत रहे शिक्षामित्र