मुहरिया अलीपुर के प्राथमिक विद्यालय का मामला।
संवाद सूत्र, सासनी : अपना स्वार्थ सिद्ध हो, भले ही दूसरे का नुकसान हो जाए। कुछ ऐसा ही हाल है मुहरिया अलीपुर के प्राथमिक विद्यालय का। एक ग्रामीण ने विद्यालय के एक कमरे में ढेंचा की लकड़ियां रखी दी हैं। 1वैसे भी, विद्यालय का शैक्षिक स्तर कुछ खास अच्छा नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षक समय से विद्यालय नहीं आते। इसकी गवाही खुद बच्चे देते हैं, जो बाहर बैठकर उनका इंतजार करते हैं। कभी-कभी बच्चे दीवार फांदकर कमरे में आ जाते हैं। कमरे में लकड़ियां होने से बच्चों को बाहर पढ़ना पड़ता है।
संवाद सूत्र, सासनी : अपना स्वार्थ सिद्ध हो, भले ही दूसरे का नुकसान हो जाए। कुछ ऐसा ही हाल है मुहरिया अलीपुर के प्राथमिक विद्यालय का। एक ग्रामीण ने विद्यालय के एक कमरे में ढेंचा की लकड़ियां रखी दी हैं। 1वैसे भी, विद्यालय का शैक्षिक स्तर कुछ खास अच्छा नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षक समय से विद्यालय नहीं आते। इसकी गवाही खुद बच्चे देते हैं, जो बाहर बैठकर उनका इंतजार करते हैं। कभी-कभी बच्चे दीवार फांदकर कमरे में आ जाते हैं। कमरे में लकड़ियां होने से बच्चों को बाहर पढ़ना पड़ता है।

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