Friday, February 21, 2025
Friday, December 13, 2024
नौकरी में सुपरमैन के नाम से मशहूर हो चुके सूबे के बेसिक शिक्षकों को अब क्रिकेट अंपायरिंग का मिला नया जिम्मा
Sunday, March 6, 2022

'अजीबोगरीब' फरमान, बरेली जिलें में होली के त्यौहार में शांति व्यवस्था कायम रखने को लगा दी शिक्षामित्रों की ड्यूटी, आदेश के खिलाफ़ लामबंद हुए शिक्षामित्र
Monday, June 28, 2021

शासन के इस फरमान से बेसिक शिक्षा विभाग के कर्मचारियों में मचा हड़कंप, पोर्टल पर लोड करना होगा संपत्ति का व्यौरा
Wednesday, May 26, 2021
Friday, April 9, 2021

बरेली : कक्षा 12 तक के सभी स्कूल कालेज 20 अप्रैल तक बन्द
Saturday, January 30, 2021
Wednesday, January 27, 2021
Saturday, January 23, 2021

अबकी बार दिव्यांग और महिलाओं के अलावा नवनियुक्त पुरुष शिक्षक भी चुन सकेंगे ऑनलाइन स्कूल

बरेली : यूपी के प्राइमरी स्कूलों में होगी मिनी लाइब्रेरी, प्रधानाध्यापक-शिक्षक और पांच छात्रों की टीम करेगी तैयार
Monday, January 11, 2021

इस बार आधी जून से ही खुल जाएंगे बेसिक स्कूल, भरी गर्मी में कक्षाएं लगवाने का विरोध
Wednesday, July 8, 2020

बदल रहा है बेसिक : अब मास्टर साहब बोल रहे, लाइट..कैमरा..एक्शन
Friday, July 3, 2020

फर्जी डिग्री प्रकरण : फैजाबाद- वाराणसी से आई फर्जी सत्यापन रिपोर्ट, फर्जी डिग्री के बाद अब फर्जी सत्यापन रिपोर्ट
Tuesday, June 30, 2020

बरेली :एक ही नाम और दस्तावेजों पर नौकरी करते मिले दो शिक्षक
Thursday, June 25, 2020

करे कोई भरे कोई : ऑपरेशन कायाकल्प के कामों में गड़बड़ी पर हेडमास्टर निलंबित
Thursday, March 5, 2020
Friday, February 14, 2020
Thursday, February 13, 2020
Sunday, February 9, 2020
Wednesday, January 29, 2020

बरेली : बीईओ के चहेते मास्टर के पास 35 लाख की कार तो जांच से इनकार, खंड शिक्षा अधिकारी ने किये जांच से हाथ खड़े
बेसिक शिक्षा विभाग में इन दिनों एक मास्टर साहब की बड़ी चर्चा है। वे 35 लाख रुपये की लग्जरी कार से घूमते हैं। ठाठ देखकर कुछ लोगों ने उनकी आय से अधिक संपत्ति को लेकर शिकायत कर दी। बीएसए ने जांच के लिए एक खंड शिक्षा अधिकारी को नामित कर दिया। मजे की बात तो यह है कि खंड शिक्षा अधिकारी ने जांच से हाथ खड़े कर दिए हैं।
बरेली के हर ब्लॉक में कुछेक शिक्षक खंड शिक्षा अधिकारियों के बेहद करीबी हैं। ये वो शिक्षक हैं, जो कक्षा में पढ़ाने की जगह ब्लॉक में अधिकारियों के सिपाहसालार हैं। वेतन बिल से लेकर निरीक्षण तक के काम इन के ही जिम्मे है। साहब से कोई काम कराना हो तो बिना इन्हें खुश किए नहीं हो सकता है। ऐसे ही एक मास्टर साहब इन दिनों लग्जरी कार से रौला काट रहे हैं। कुछ संगी-साथियों ने बीएसए से शिकायत करते हुए कहा कि 50-60 हजार रुपये पगार वाला आदमी इतनी महंगी कार से कैसे घूम सकता है। शहर में तीन-तीन मकान हैं। कई प्लाट भी खरीद डाले हैं। शिकायत हुई तो जांच भी होनी थी। जांच के लिए एक खंड शिक्षा अधिकारी को नामित किया गया। मगर वो आपसी सम्बंधों की दुहाई देते हुए जांच से इंकार कर रहे हैं।
तो इसलिए कर दिया मना: खंड शिक्षा अधिकारी को जांच मिली तो वो चौंक गए। अपने ही एक साथी बीईओ के चहेते की जांच बड़ा ही टेढ़ा काम लगा। अगर सही से जांच की तो मास्टर का विकेट गिर जाएगा। सही जांच नहीं की तो शिकायत करने वाले उनके ही पीछे पड़ जाएंगे। खंड शिक्षा अधिकारी ने बीच का रास्ता निकालते हुए कह दिया कि अकेले जांच नहीं करेंगे। इसके लिए तीन अधिकारियों की कमेटी बना दी जाए, जिससे जांच के बाद अकेले उनको ही निशाने पर नहीं लिया जाए।











