किरा गांव निवासी नोनीराम शाहबाद ब्लाक के शाहदरा गांव के उच्च प्राथमिक विद्यालय में प्रधानाध्यापक के पद पर तैनात हैं। शनिवार को वह अपने विद्यालय में बने बूथ पर बीएलओ का कार्य कर रहे थे। दस बजे ग्राम प्रधान अकील अपने समर्थकों को साथ लेकर स्कूल पहुंचा। अकील ने नोनीराम पर अपने विरोधियों के वोट काटने और अपने समर्थकों के वोट बनाने का दबाव डाला। नोनीराम ने ऐसा करने को मना कर दिया। इस पर प्रधान भड़क गया। प्रधान ने गाली गलौच करते हुए अध्यापक का गला दबाकर जमीन पर गिरा दिया। प्रधान ने अपने समर्थकों के साथ मिलकर नोनीराम को बुरी तरह से मारपीटकर घायल कर दिया। उन्हें लात घूसों से जमकर पीटा। इसके बाद प्रधान ने मेज पर अभिलेखों को फाड़कर फेंक दिया और देख लेने की धमकी देता हुआ चला गया। घायल को उनके सह अध्यापक अयाज अहमद कोतवाली लेकर आए। अध्यापक के साथ मारपीट की खबर फैलने पर क्षेत्र के तमाम अध्यापक कोतवाली में जमा हो गए। आरोपी ग्राम प्रधान के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग करते हुए हंगामा करने लगे। प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष कैलाश पटेल बाबू ने फोन कर जिलाधिकारी को अध्यापक के साथ मारपीट की सूचना दी। डीएम के आदेश पर पुलिस ने नोनीराम की तहरीर लेकर उसका मेडिकल कराने के बाद आरोपी ग्राम प्रधान अकील के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। संघ के जिलाध्यक्ष ने कहा कि डर और दहशत के बीच अध्यापक बीएलओ का कार्य नहीं करेंगे। ग्राम प्रधान और उनके समर्थक गांवों में बीएलओ की डयूटी कर रहे शिक्षकों पर नाजायज वोट बनाने व अपने विरोधियों के वोट कटवाने का दबाव बना रहे हैं। प्राथमिक शिक्षक संघ के ब्लाकाध्यक्ष रवेंद्र गंगवार ने कहा कि बीएलओ का कार्य कर रहे शिक्षकों को सुरक्षा दी जाए। शिक्षक चुप नहीं बैठेंगे।
No comments:
Write comments