लखनऊ में प्रदर्शन के दौरान कुशीनगर जनपद के शिक्षक की मौत के बाद शिक्षा जगत में उबाल है। गुरुवार को शिक्षक संगठनों ने जगह-जगह धरना-प्रदर्शन और कैंडिल मार्च निकालकर विरोध जताया। इस दौरान शिक्षकों ने दिवंगत की आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना भी की।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ (ठकुराई) के आह्वान पर शिक्षकों ने जिलाधिकारी कार्यालय पर धरना दिया। एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षक के मौत की दोषी है। अब पुरानी पेंशन योजना की बहाली के लिए शिक्षकों को एकजुट होकर संघर्ष करना होगा। यही सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस मौके पर संघ के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश पांडेय ठकुराई, जिलाध्यक्ष सत्य प्रकाश सिंह, मंत्री गौरव राय कौशिक, संयुक्त परिषद के रूपेश श्रीवास्तव, अश्वनी श्रीवास्तव, सफाई कर्मचारी संघ के अखंड प्रताप सिंह, शिक्षक संघ के जय प्रकाश नायक, सुरेश प्रसाद राय, देवभूषण शुक्ल, विनोद कुमार, अजय कुमार सिंह, अनिल चंद, डा. महेंद्र राय, आशुतोष त्रिपाठी और अतुल कुमार राय आदि बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद थे।
अटेवा- पेंशन बचाओ मंच ने चेतना तिराहा पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया। मंच के कार्यकर्ताओं ने टाउनहाल तक कैंडिल मार्च निकालकर शोक संवेदना व्यक्त की। इस मौके पर जगदंबिका मणि त्रिपाठी, महेंद्र पटेल, एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह, अजय सिंह, उमेश शुक्ला आदि मौजूद थे। अनुसूचित जाति-जनजाति माध्यमिक शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष राम प्रताप राम के नेतृत्व में शिक्षकों ने डा. भीमराव अंबेडकर चौक से चेतना तिराहा तक कैंडिल मार्च निकाला। इस मौके पर श्रवण कुमार, रामप्रवेश रजक, महेंद्र कुमार गौतम आदि मौजूद थे। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ (चेतनारायण गुट) के आह्वान पर जिलाध्यक्ष रणजीत सिंह व मंत्री जैनेंद्र कुमार सिंह के नेतृत्व में शिक्षकों ने कार्य बहिष्कार कर अपना विरोध जताया। उत्तर प्रदेश जूनियर हाईस्कूल (पूर्व माध्यमिक) शिक्षक संघ के जिला महामंत्री बालविनोद शुक्ल व अध्यक्ष मदन गोपाल शुक्ल ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा है
No comments:
Write comments