उत्तर प्रदेश में परिषदीय विद्यालयों के सभी शिक्षकों, शिक्षामित्रों, अनुदेशकों, रसोइयों और शिक्षणेतर कर्मचारियों की फैमिली आईडी होगी तैयार
प्रदेश भर में संचालित परिषदीय प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में कार्यरत लगभग लाखों शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक, रसोइया और अन्य कर्मचारी इस दायरे में आएंगे। फैमिली आईडी में पति, पत्नी और बच्चों सहित परिवार के सभी सदस्यों का नाम और आधार नंबर दर्ज किया जाएगा। पंजीकरण के दौरान मुख्य व्यक्ति का मोबाइल नंबर अनिवार्य होगा, जिस पर ओटीपी के माध्यम से सत्यापन किया जाएगा।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार सभी बीईओ और विद्यालय स्तर पर कार्यरत कर्मचारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे समय से फैमिली आईडी बनवाकर उसकी प्रति विभाग को उपलब्ध कराएं। फैमिली आईडी तैयार होने के बाद ही संबंधित कर्मचारियों का वेतन निर्गत किया जाएगा। इसी कारण फरवरी माह का वेतन फैमिली आईडी पूर्ण होने के बाद ही जारी किया जाएगा।
अधिकारियों का कहना है कि फैमिली आईडी के माध्यम से सरकारी डाटाबेस में कर्मचारियों और उनके परिवारों की स्पष्ट और अद्यतन जानकारी उपलब्ध होगी, जिससे योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता आएगी। प्रदेश के कई जिलों में शिक्षकों और कर्मचारियों द्वारा फैमिली आईडी बनवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और विभागीय स्तर पर इसकी निगरानी भी की जा रही है।
शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी संबंधित कार्मिकों को इस प्रक्रिया को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र पूरा करना होगा, ताकि वेतन और अन्य प्रशासनिक कार्यों में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो।
No comments:
Write comments